सेबी का नया अंदाज, सहकर्मियों के साथ थिरके पूर्णकालिक सदस्य वार्ष्णेय

Ads

सेबी का नया अंदाज, सहकर्मियों के साथ थिरके पूर्णकालिक सदस्य वार्ष्णेय

  •  
  • Publish Date - April 25, 2026 / 06:09 PM IST,
    Updated On - April 25, 2026 / 06:09 PM IST

मुंबई, 25 अप्रैल (भाषा) शेयर बाजार नियामक सेबी के स्थापना दिवस समारोह में वैसे तो सबकुछ सामान्य था, लेकिन तभी एक पुराने हिंदी गाने की धुन बजी और नजारा बदल गया।

नृत्य कर रहे अपने सहकर्मियों के बीच से रास्ता बनाते हुए सेबी के पूर्णकालिक सदस्य के सी वार्ष्णेय मुख्य मंच पर आए और ‘मैं निकला गड्डी लेके’ गाने पर थिरकने लगे। थोड़ी ही देर में उन्होंने एक नेतृत्वकर्ता की भूमिका संभाल ली। सेबी में पूर्णकालिक सदस्य का पद चेयरमैन के बाद दूसरे स्थान पर आता है।

देश की वित्तीय राजधानी के एक लोकप्रिय सभागार में मौजूद दर्शकों में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, वार्ष्णेय के वरिष्ठ अधिकारी तुहिन कांत पांडेय, अन्य सहयोगी और बाजार व्यवस्था के महत्वपूर्ण हितधारक शामिल थे। वार्ष्णेय की मंडली के इस पूर्व-निर्धारित प्रदर्शन को देखकर सभी अचंभित रह गए।

थोड़ी ही देर में सुखबीर का मशहूर गाना ‘आयशा’ बजने लगा, जिस पर वार्ष्णेय ने वहां मौजूद भीड़ को भी साथ झूमने के लिए प्रोत्साहित किया।

अंत में, जब ए आर रहमान के दो गीत – जय हो और वंदे मातरम – बजे, तो वार्ष्णेय एक बार फिर मुख्य मंच पर लौटे और प्रदर्शन का समापन किया।

बाद में मंडली के एक सदस्य ने बताया कि एक पूर्णकालिक सदस्य सहित 60 कर्मचारियों की यह टीम पिछले लगभग एक महीने से इसका अभ्यास कर रही थी।

प्रदर्शन के बाद वार्ष्णेय को उनके वरिष्ठ तुहिन कांत पांडेय ने शाबाशी दी और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी उनका उत्साह बढ़ाया।

भाषा पाण्डेय

पाण्डेय