रायपुर, 11 अगस्त (भाषा) छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने मंगलवार को बताया कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत बस्तर संभाग में 12 अगस्त से तीन दिवसीय ‘बस्तर तिरंगा यात्रा’ शुरू की जाएगी।
उन्होंने कहा कि उन 31 प्रमुख स्थानों पर यात्रा निकाली जाएगी, जहां माओवादियों ने कथित तौर पर जघन्य घटनाओं को अंजाम दिया था।
शर्मा ने संवाददाता सम्मेलन में बताया कि यात्रा 12 से 14 अगस्त तक बस्तर के अति संवेदनशील और पूर्व में नक्सल प्रभावित रहे इलाकों से होकर गुजरेगी।
उन्होंने बताया कि यात्रा 12 अगस्त को नारायणपुर से शुरू होकर करीब 150 किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद दंतेवाड़ा पहुंचेगी।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में नक्सलवाद के खिलाफ चलाए गए निर्णायक अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं और इस स्वतंत्रता दिवस पर बस्तर के कोने-कोने में तिरंगा फहराया जाएगा।
शर्मा ने बताया कि जनवरी 2024 से बस्तर के कई दुर्गम गांवों में राष्ट्रीय पर्वों पर ध्वजारोहण किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस स्वतंत्रता दिवस पर संभाग के 90 से अधिक ऐसे गांवों में पहली बार तिरंगा फहराया जाएगा, जहां आजादी के बाद ऐसा नहीं हुआ था। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ‘बस्तर तिरंगा यात्रा’ नक्सली हिंसा में जान गंवाने वाले निर्दोष ग्रामीणों और जवानों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का संकल्प है।
शर्मा ने बताया कि चिंगावरम में नक्सलियों ने 31 लोगों की, मणीकोंटा में 15 आदिवासियों की और एर्राबोर में 33 ग्रामीणों की हत्या करने के बाद 220 घर जला दिए थे।
उन्होंने बताया कि इन स्थानों पर श्रद्धांजलि दी जाएगी।
शर्मा ने बताया कि ताड़मेटला में 76 जवानों ने सर्वोच्च बलिदान दिया था।
वह 15 अगस्त को झीरम घाटी में शहीदों को श्रद्धांजलि देंगे।
झीरम घाटी में 25 मई 2013 को नक्सलियों ने कांग्रेस नेताओं के काफिले पर हमला किया था, जिसमें तत्कालीन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नंद कुमार पटेल, पूर्व नेता प्रतिपक्ष महेंद्र कर्मा और पूर्व केंद्रीय मंत्री विद्याचरण शुक्ल समेत 29 लोगों की मौत हुई थी।
शर्मा ने कहा कि यात्रा के दौरान शहीद जवानों और नागरिकों से जुड़े स्थानों से मिट्टी एकत्र कर रायपुर में बनने वाले शहीद स्मारक/संग्रहालय में इस्तेमाल की जाएगी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 15 अगस्त को बस्तर संभाग के 500 से अधिक विद्यालयों, चौराहों और सामुदायिक भवनों का नाम अमर बलिदानियों के नाम पर रखने की घोषणा करेंगे।
भाषा संजीव जितेंद्र
जितेंद्र