CG Census 2027 Update: छत्तीसगढ़ में डिजिटल जनगणना को मिली रफ्तार, लोग खुद भर रहे हैं अपनी जानकारी, अब तक इतने हजार नागरिकों ने पूरी प्रकिया

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CG Census 2027 Update: छत्तीसगढ़ में डिजिटल जनगणना को मिली रफ्तार, लोग खुद भर रहे हैं अपनी जानकारी, अब तक इतने हजार नागरिकों ने पूरी प्रकिया

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  • Publish Date - April 20, 2026 / 08:49 AM IST,
    Updated On - April 20, 2026 / 08:49 AM IST

CG Census 2027 Update | Photo Credit: IBC24

HIGHLIGHTS
  • अब तक 26,773 नागरिक पोर्टल पर पंजीकृत हुए
  • स्व-गणना से डेटा की पारदर्शिता और प्रामाणिकता बढ़ेगी
  • डिजिटल संदर्भ संख्या (CRN) भविष्य में सत्यापन के लिए उपयोगी होगी

रायपुर: CG Census 2027 Update छत्तीसगढ़ में प्रस्तावित जनगणना 2027 के अंतर्गत प्रारंभ की गई डिजिटल स्व-गणना (Self Enumeration) प्रक्रिया को नागरिकों का उत्साहजनक प्रतिसाद प्राप्त हो रहा है। जनगणना संचालन निदेशालय, छत्तीसगढ़ से प्राप्त ताज़ा आंकड़ों के अनुसार राज्य में अब तक 19,039 नागरिकों ने स्व-गणना की प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूर्ण कर ली है, जबकि 7,734 नागरिकों ने पंजीकरण कर प्रक्रिया प्रारंभ की है। इस प्रकार कुल 26,773 नागरिक स्व-गणना पोर्टल पर पंजीकृत हो चुके हैं।

CG Census 2027 Update यह पहल भारत सरकार के रजिस्ट्रार जनरल एवं जनगणना आयुक्त के समन्वय में संचालित की जा रही है, जिसका उद्देश्य सटीक, अद्यतन एवं विश्वसनीय सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों का संकलन सुनिश्चित करना है। इन आंकड़ों के आधार पर आगामी वर्षों में नीतिगत निर्णयों को और अधिक प्रभावी तथा लक्षित बनाया जा सकेगा।

स्व-गणना की व्यवस्था नागरिकों को अपनी जानकारी स्वयं दर्ज करने का अवसर प्रदान करती है, जिससे डेटा की प्रामाणिकता में वृद्धि होती है और प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनती है। यह व्यवस्था प्रशासनिक तंत्र पर भार को भी कम करती है तथा डिजिटल सशक्तिकरण को बढ़ावा देती है। प्रक्रिया के अंतर्गत नागरिकों को ओटीपी आधारित प्रमाणीकरण के माध्यम से पोर्टल में लॉगिन करना होता है। इसके पश्चात परिवार से संबंधित आधारभूत सुविधाओं एवं सदस्यों की व्यक्तिगत जानकारी दर्ज की जाती है। प्रक्रिया पूर्ण होने पर प्राप्त डिजिटल संदर्भ संख्या (CRN) भविष्य में सत्यापन के लिए उपयोगी होगी।

राज्य में इस अभियान के प्रभावी संचालन हेतु व्यापक स्तर पर मानव संसाधन एवं तकनीकी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों को डिजिटल उपकरणों के उपयोग के लिए प्रशिक्षित किया गया है, जिससे डेटा संकलन एवं सत्यापन कार्य समयबद्ध एवं त्रुटिरहित ढंग से किया जा सके। नागरिकों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन सेवाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं, जहां किसी भी प्रकार की तकनीकी अथवा प्रक्रियात्मक समस्या का समाधान किया जा रहा है। साथ ही, डेटा सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह सुनिश्चित किया गया है कि सभी व्यक्तिगत जानकारियां विधि द्वारा निर्धारित प्रावधानों के अंतर्गत पूर्णतः गोपनीय रहें।

इस संबंध में जनगणना संचालन, छत्तीसगढ़ के निदेशक डॉ. कार्तिकेय गोयल ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस डिजिटल पहल में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करें तथा स्व-गणना की प्रक्रिया समय पर पूर्ण करें। उन्होंने कहा कि यह प्रयास राज्य के समग्र एवं संतुलित विकास के लिए एक सशक्त आधार तैयार करेगा।

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डिजिटल स्व-गणना क्या है?

यह एक प्रक्रिया है जिसमें नागरिक स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज करते हैं।

स्व-गणना करने के लिए क्या करना होगा?

नागरिकों को ओटीपी आधारित प्रमाणीकरण से पोर्टल में लॉगिन कर परिवार और व्यक्तिगत जानकारी दर्ज करनी होगी।

स्व-गणना पूर्ण होने पर क्या मिलेगा?

प्रक्रिया पूर्ण होने पर नागरिकों को एक डिजिटल संदर्भ संख्या (CRN) प्राप्त होगी।