Ujar 100 Scheme: “उजर 100” योजना: छात्रों पर 'विष्णुदेव' की कृपा, कॉलेज की फीस से लेकर कॉपी किताब और रहने का भी खर्च उठाएगी सरकार, जानिए कैसे करना है आवेदन / Image; AI genertated
दंतेवाड़ा: Ujar 100 Scheme बस्तर अंचल के प्रतिभावान और जरूरतमंद युवाओं के सपनों को नई उड़ान देने के लिए दंतेवाड़ा जिला प्रशासन ने एक बेहद संवेदनशील और अनूठी शैक्षणिक पहल की है। जिले के आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी विद्यार्थियों को देश-प्रदेश के प्रतिष्ठित संस्थानों में उच्च शिक्षा दिलाने के उद्देश्य से “उजर 100” योजना शुरू की गई है। इस महत्वाकांक्षी योजना के सफल क्रियान्वयन, चयन प्रक्रिया और पात्रता नियमों को तय करने के लिए आज जिला पंचायत के सभाकक्ष में दोपहर 3 बजे एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें कार्ययोजना का खाका तैयार किया गया।
Ujar 100 Scheme योजना के तहत कुल 100 सीटों का कोटा निर्धारित किया गया है। सामाजिक संतुलन को ध्यान में रखते हुए इसमें वर्गवार सीटें तय की गई हैं। जिसमे अनुसूचित जनजाति (ST) के 76,अनुसूचित जाति (SC) के 06,अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के 14 और अनारक्षित (General) के 04 सीटें शामिल है। इसके साथ ही कुल सीटों में 6 प्रतिशत आरक्षण दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित रहेगा। योजना का लाभ केवल दंतेवाड़ा जिले के मूल निवासी छात्रों को ही मिलेगा, जिन्होंने प्रथम प्रयास में 12वीं की परीक्षा उत्तीर्ण की हो।
सामान्यतः योजना का लाभ उठाने के लिए परिवार की वार्षिक आय 5 लाख रुपये से कम होनी चाहिए। लेकिन प्रशासन ने प्रतिभा को नियमों में नहीं बांधा है। छत्तीसगढ़ बोर्ड (CGBSE) की प्रावीण्य सूची में जिले के शीर्ष 10 स्थान पाने वाले छात्रों और IIT, NIT, NEET, JEE, NDA व AIIMS जैसी प्रतिष्ठित राष्ट्रीय परीक्षाओं में चयन पाने वाले विद्यार्थियों पर आय की कोई सीमा लागू नहीं होगी। इसी तरह छत्तीसगढ़ बोर्ड के टॉप 100 या सीबीएसई के टॉप 20 छात्र, राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षाओं में चयनित विद्यार्थी, नक्सल प्रभावित परिवारों के बच्चे, खनन प्रभावित ग्रामों के छात्र और बीपीएल (BPL) कार्डधारी परिवारों के होनहार बच्चे इस योजना में पहली प्राथमिकता पर होंगे।
”उजर 100″ योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को कॉलेज की फीस, हॉस्टल, भोजन और अध्ययन सामग्री (किताबें-कॉपी) का पूरा खर्च दिया जाएगा। व्यावसायिक पाठ्यक्रमों (Professional Courses) की पूरी फीस सीधे संबंधित शिक्षण संस्थान को भेजी जाएगी। वहीं, हॉस्टल और किताबों का खर्च डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे छात्र के बैंक खाते में जमा किया जाएगा।
काउंसिलिंग के लिए मिलेगी
जिला प्रशासन ने मेधावियों के प्रोत्साहन के लिए बड़े कदम उठाए हैं। यदि जिले का कोई छात्र IIT, NIT, AIIMS, NEET या NDA जैसी परीक्षाओं में चुना जाता है, तो उसे संस्थान में रिपोर्टिंग या काउंसिलिंग के लिए जाने हेतु बस, रेल या हवाई यात्रा की मुफ्त सुविधा दी जाएगी। इसके अलावा शानदार प्रदर्शन करने वाले छात्रों को नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र भी दिया जाएगा। ड्रॉप लेकर तैयारी करने वाले छात्रों को विशेष परिस्थिति में कोचिंग सहायता भी मिलेगी।
चयन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी रखने के लिए आवेदन ऑफलाइन माध्यम से जिला परियोजना कार्यालय समग्र शिक्षा में जमा किए जाएंगे। स्क्रूटनी, मेरिट लिस्ट और फिजिकल वेरिफिकेशन के बाद जिला स्तरीय कमेटी अंतिम मुहर लगाएगी। मुख्य सूची के साथ 50 विद्यार्थियों की एक प्रतीक्षा सूची (Waiting List) भी बनाई जाएगी, ताकि कोई सीट खाली रहने पर दूसरे हकदार को मौका मिल सके। ”उजर 100″ योजना दंतेवाड़ा के युवाओं के लिए मील का पत्थर साबित होगी। आर्थिक तंगी के कारण अब किसी भी होनहार का सपना नहीं टूटेगा। यहाँ के बच्चे अब राष्ट्रीय पटल पर जिले का नाम रोशन करेंगे।