Chhattisgarh Farmers News / Image Source : FILE
रायपुर : Chhattisgarh Farmers News : छत्तीसगढ़ के किसानों के लिए राहत की खबर है। खाद वितरण को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए टोकन व्यवस्था खत्म कर दी है। सरकार का दावा है कि प्रदेश में सभी खादों को मिलाकर भंडारण 81% है..इसलिए अब किसानों को एक ही बार में उनकी जरूरत के मुताबिक खाद उपलब्ध कराया जाएगा। लेकिन सरकार के इस फैसले पर कांग्रेस ने सवाल खड़े करते हुए खाद, बीज और डीजल की उपलब्धता को लेकर सरकार को घेरना शुरू कर दिया है।
छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन के बीच खाद को लेकर किसानों की परेशानी और राजनीतिक घमासान के बीच राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। Chhattisgarh Fertilizer Token System Cancelled अब किसानों को खाद लेने के लिए टोकन की जरूरत नहीं पड़ेगी। कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने घोषणा की है कि प्रदेश में खाद का पर्याप्त भंडारण उपलब्ध है, इसलिए टोकन व्यवस्था समाप्त कर दी गई है और किसानों को एक बार में ही उनकी आवश्यकता के अनुसार खाद दिया जाएगा।
दरअसल खाद की उपलब्धता को देखते हुए सरकार ने पहले बड़े किसानों के लिए तीन और मध्यम किसानों के लिए दो टोकन की व्यवस्था लागू की थी, ताकि सभी किसानों तक खाद पहुंच सके। लेकिन अब सरकार का दावा है कि प्रदेश में उर्वरकों का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक यूरिया का 87 प्रतिशत, डीएपी का 36 प्रतिशत, एनपीकेएस का 91 प्रतिशत, एमओपी का 93 प्रतिशत और एसएसपी का 136 प्रतिशत भंडारण उपलब्ध है। सरकार जहां इसे किसानों के हित में उठाया गया कदम बता रही है, वहीं कांग्रेस इस फैसले से संतुष्ट नजर नहीं आ रही।
Deepak Baij Congress Statement CG कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज का कहना है कि सिर्फ टोकन व्यवस्था खत्म करने से किसानों की समस्याएं खत्म नहीं हो जाएंगी। उनका आरोप है कि प्रदेश के कई इलाकों में किसानों को खाद, बीज और डीजल की उपलब्धता को लेकर अब भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस के आरोपों पर कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने पलटवार भी किया है।
एक तरफ सरकार खाद का पर्याप्त भंडारण होने का दावा करते हुए टोकन व्यवस्था खत्म कर किसानों को राहत देने की बात कह रही है, तो दूसरी तरफ विपक्ष जमीनी हकीकत पर सवाल उठा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि सरकार का यह फैसला किसानों की परेशानियां कितनी कम कर पाता है।