छत्तीसगढ़ पुलिस तलाश कर रही गोबर चोर.. यहां पार किया 800 किलो गोबर, मचा हड़कंप

छत्तीसगढ़ पुलिस तलाश कर रही गोबर चोर.. यहां पार किया 800 किलो गोबर, मचा हड़कंप

छत्तीसगढ़ पुलिस तलाश कर रही गोबर चोर.. यहां पार किया 800 किलो गोबर, मचा हड़कंप
Modified Date: November 29, 2022 / 08:19 pm IST
Published Date: June 25, 2021 2:44 am IST

कोरबा। आपने पैसा, धन, दौलत, गाड़ी या अन्य कीमती सामान चोरी की बहुत सी घटनाओं के बारे में सुना होगा या देखा लेकिन क्या कभी आपने गोबर चोरी के बारे में सुना है? शायद नहीं सुना होगा, लेकिन हम आपको गोबर चोरी की सच्ची घटना के बारे में बता रहे हैं।

Read More News: अपहरित युवतियों का धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश, परिजनों ने मुस्लिम युवकों पर लगाए गंभीर आरोप

गाय के गोबर चोरी की यह घटना छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में हुई है जहां चोरों ने धुरेना गांव से करीब 800 किलो गोबर चोरी कर लिया, जिसकी कीमत 1600 रुपए हैं। खबर के मुताबिक गांव के गौधन समीति के अध्यक्ष ने इस संबंध में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई और बताया कि चोरों ने गांव से करीब 800 किलो से अधिक गोबर चोरी कर लिया है। उन्होंने पुलिस से इस मामले में त्वरित कार्रवाई करने की मांग करते हुए चोरों की गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस ने मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करते हुए अपनी तहकीकात शुरू कर दी है।

Read More News:  SBI के बैंक मैनेजर के खिलाफ CBI ने दर्ज किया मामला, तीन सालों में 11 करोड़ 84 लाख का किया फ्रॉड 

दरअसल छत्तीसगढ़ देश का ऐसा राज्य है जहां गोधन न्याय योजना के तहत गाय का गोबर दो रुपये प्रति किलो के हिसाब से खरीदा जाता है। राज्य की भूपेश बघेल की सरकार ने जुलाई 2020 में इस योजना की शुरूआत की थी जिसके तहत गांव वालों से गाय का गोबर 2 रुपए प्रति किलो के हिसाब से खरीदा जाता है।

<iframe width=”560″ height=”315″ src=”https://www.youtube.com/embed/ds6shH1UxDw” title=”YouTube video player” frameborder=”0″ allow=”accelerometer; autoplay; clipboard-write; encrypted-media; gyroscope; picture-in-picture” allowfullscreen></iframe> 

Read More News: वैक्सीनेशन महाअभियान की रफ्तार थोड़ी धीमी पड़ी, मध्यप्रदेश पूरे देश में आज रहा दूसरे नंबर पर 

इस योजना ने खूब सुर्खियां बंटोरी थी और इसका सीधा फायदा गांव में रहने वाले पशुपालकों को मिल रहा है। सरकार इस गोबर को खरीदकर इससे कंपोस्ट खाद बनाती और किसानों को न्यूनतम कीमत पर जैविक खाद उपलब्ध कराई जाती है। सरकार की इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों की आय में बढ़ोत्तरी करने के साथ-साथ जैविक खेती को बढ़ावा देना है। इस योजना से ग्रामीण स्तर पर भी रोजगार के नए अवसर खुले।

Read More News:   नई टीम, पहली बैठक… मिशन 2023 की तैयारी…तय हुआ टारगेट ? 


लेखक के बारे में