गुलामी की जिंदगी से इस गांव के लोगों को मिली आजादी, 73वीं वर्षगांठ में शान से लहराया ‘तिरंगा’

गुलामी की जिंदगी से इस गांव के लोगों को मिली आजादी, 73वीं वर्षगांठ में शान से लहराया 'तिरंगा'

गुलामी की जिंदगी से इस गांव के लोगों को मिली आजादी, 73वीं वर्षगांठ में शान से लहराया ‘तिरंगा’
Modified Date: November 29, 2022 / 08:36 pm IST
Published Date: August 15, 2019 2:44 pm IST

रायपुर: अंग्रेजों की गुलामी से देश को आजादी तो 15 अगस्त 1947 को मिल गई थी, लेकिन देश में कुछ ऐसे भी हिस्से हैं जहां के लोग आजादी के मायने तो दूर आजादी क्या है ये भी नहीं जानते। जानते भी कैसे यहां कभी आजादी का जश्न ही नहीं मनाया गया। तो चलिए हम आपकों बताते हैं ऐसे इलाके के बारे में जहां आजादी के 73 साल बाद पहली बार तिरंगा लहराया, यानि पहली बार आजादी का जश्न मनाया गया।

Read More: उफनती नदी को पार करते कार सहित बहे दो शिक्षिका और ड्राइवर, लौट रहे थे झंडा वंदन कर

जी हां, छत्तीसगढ़ के वनांचल क्षेत्र में एक ऐसी जगह है, जहां आजादी के 73 साल बाद पहली बार आजादी का जश्न मनाया गया। पहली बार इस गांव में तिरंगा लहराया। ये गांव है कशालपाड़ा, जो सुकमा के बिहड़ इलाके में बसा हुआ है। आजादी के 73वें वर्षगांठ पर सीआरपीएफ के कोबरा बटालियन की मदद से ग्रामीणों ने झंडा रोहण किया। यहां पर 206 कोबरा और सीआरपीएफ की 150 बटालियन के साथ-साथ स्थानीय लोगों ने सुकमा के नक्सल प्रभावित कशालपाड़ में राष्ट्रीय ध्वज ‘तिरंगा’ फहराया। इस दौरान डीसी शौरभ यादव, डीसी रमेश चौहान, एसी संजय गौर, एसी सत्य नारायण, एसी सजील और एसी खजीप मौजूद रहे।

Read MorE: पटरियों पर पानी भरने से इस रूट पर कई घंटे खड़ी रही गाड़ियां, कई ट्रेनें हुई रद्द

बता दें कि बीते दिनों चिंतागुफा में तैनात बीसीओआरए 206 और सीआरपीएफ 150 बटालियन के जवान सर्चिंग के दौरान कशालपाड़ा गांव पहुंचे। इस दौरान यहां जोरदार धमाका हुआ। हालांकि इस धमाके से किसी भी जवान को कोई नुकसान नहीं हुआ, लेकिन जवानों ने हमले के बाद ठान लिया था कि इस बार स्वतंत्रता दिवस का जश्न कशालपाड़ा गांव में तिरंगा तहराकर ही मनाया जाएगा।

Read More: ये पूर्व खिलाड़ी बन सकता है टीम इंडिया का बैटिंग कोच, हेड कोच बने रह सकते हैं रविशास्त्री, कल होगी घोषणा

ज्ञात हो कि 14 दिसंबर को नक्सलियों ने सर्चिंग पार्टी पर हमला कर दिया था। इस हमले में 14 जवान शहीद हो गए थे। लेकिन आज यहां के हालात बदल चुके हैं, यहां आजादी की 73वीं वर्षगांठ पर तिरंगा शान से लहराया।

Read More: भारी बारिश के बाद कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात, सीएम ने अधिकारियों को अलर्ट रहने के दिए निर्देश


लेखक के बारे में

"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"