देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 89 नए मामले, उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 1,931 हुई

देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 89 नए मामले, उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 1,931 हुई

देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 89 नए मामले, उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 1,931 हुई
Modified Date: January 24, 2023 / 10:43 am IST
Published Date: January 24, 2023 10:43 am IST

(फाइल फोटो के साथ)

नयी दिल्ली, 24 जनवरी (भाषा) भारत में एक दिन में कोरोना वायरस संक्रमण के 89 नए मामले सामने आने के बाद देश में अभी तक संक्रमित हुए लोगों की संख्या बढ़कर 4,46,82,104 हो गई है। वहीं, उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 1,931 रह गई है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से सोमवार को सुबह आठ बजे जारी अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटे में राजस्थान में संक्रमण से एक मरीज की मौत के बाद देश में मृतक संख्या बढ़कर 5,30,737 हो गई। वहीं संक्रमण से मौत के आंकड़ों का पुन:मिलान करते हुए केरल ने वैश्विक महामारी से जान गंवाने वाले मरीजों की सूची में एक नाम और जोड़ा है। संक्रमण की दैनिक दर 0.06 प्रतिशत, जबकि साप्ताहिक संक्रमण दर 0.08 प्रतिशत है।

अद्यतन आंकड़ों के मुताबिक, कोरोना वायरस संक्रमण के उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 1,931 रह गई है, जो कुल मामलों का 0.01 प्रतिशत है। पिछले 24 घंटे में उपचाराधीन मरीजों की संख्या में तीन मामलों की कमी दर्ज की गई है। देश में मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 98.81 प्रतिशत है। भारत में अभी तक कुल 4,41,49,436 लोग संक्रमण मुक्त हो चुके हैं, जबकि कोविड-19 से मृत्यु दर 1.19 प्रतिशत है।

स्वास्थ्य मंत्रालय की वेबसाइट के अनुसार, राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान के तहत अभी तक कोविड-19 रोधी टीकों की 220.30 करोड़ खुराक दी जा चुकी हैं।

गौरतलब है कि भारत में सात अगस्त 2020 को कोरोना वायरस संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त 2020 को 30 लाख और पांच सितंबर 2020 को 40 लाख से अधिक हो गई थी। संक्रमण के कुल मामले 16 सितंबर 2020 को 50 लाख, 28 सितंबर 2020 को 60 लाख, 11 अक्टूबर 2020 को 70 लाख, 29 अक्टूबर 2020 को 80 लाख और 20 नवंबर को 90 लाख के पार चले गए थे।

देश में 19 दिसंबर 2020 को ये मामले एक करोड़ से अधिक हो गए थे। पिछले साल चार मई को संक्रमितों की संख्या दो करोड़ और 23 जून 2021 को तीन करोड़ के पार पहुंच गई थी। इस साल 25 जनवरी को संक्रमण के कुल मामले चार करोड़ के पार हो गए थे।

भाषा निहारिका मनीषा

मनीषा


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