कोलकाता में एक बीएलओ फांसी के फंदे से लटका मिला, मुर्शिदाबाद में एक अन्य नागरिक की मौत

कोलकाता में एक बीएलओ फांसी के फंदे से लटका मिला, मुर्शिदाबाद में एक अन्य नागरिक की मौत

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  • Publish Date - January 15, 2026 / 09:48 PM IST,
    Updated On - January 15, 2026 / 09:48 PM IST

कोलकाता, 15 जनवरी (भाषा) पश्चिम बंगाल के कोलकाता में एक बूथ-स्तरीय अधिकारी (बीएलओ) और मुर्शिदाबाद जिले में एक वरिष्ठ नागरिक की बृहस्पतिवार को राज्य में चल रहे विशेष गहन पुनीक्षण (एसआईआर) से संबंधित कथित दबाव के कारण मृत्यु हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।

पुलिस ने बताया कि बीएलओ की पहचान अशोक दास के रूप में हुई है, जो कोलकाता के दक्षिणी भाग में स्थित मुकुंदपुर इलाके में अपने आवास पर फांसी के फंदे से लटका हुआ मिला।

पुलिस ने बताया कि दूसरी घटना में, मुर्शिदाबाद जिले के समसेरगंज में 60-वर्षीय एक व्यक्ति की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई।

हाल के हफ्तों में राज्य में आत्महत्या के मामलों सहित कई मौत की सूचना मिली है, जिनका कारण कथित तौर पर मतदाता सूचियों के एसआईआर से जुड़ी चिंता है।

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि दक्षिण 24 परगना जिले के जयनगर स्थित बहारू हाई स्कूल में सहायक शिक्षक दास को एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। अधिकारी ने बताया कि मृतक के परिवार के सदस्यों ने आरोप लगाया कि एसआईआर से संबंधित कार्यों के कारण उनपर ‘अत्यधिक दबाव’ था।

उन्होंने कहा, ‘‘राज्य में चल रहे एसआईआर प्रक्रिया के तहत उन्हें पूर्वी यादवपुर के चित कालिकापुर एफपी स्कूल में बूथ नंबर 110 के लिए बीएलओ के रूप में तैनात किया गया था।’

कोलकाता पुलिस आयुक्त मनोज वर्मा ने दास के आवास का दौरा किया और स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि मृत्यु के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है।

दूसरी घटना में, समसेरगंज के 60-वर्षीय पुतु शेख के परिवार ने आरोप लगाया कि एसआईआर सुनवाई नोटिस के दबाव के कारण उनकी मृत्यु हुई।

पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, “मृतक की पहचान पुतु शेख के रूप में हुई है, जो समसेरगंज पुलिस थाने के अंतर्गत रामेश्वरपुर चाचंद गांव का निवासी था।”

परिजनों के अनुसार, एसआईआर सुनवाई के नोटिस कई सदस्यों को जारी किए गए थे और कम से कम एक नोटिस में मृतक के नाम की वर्तनी गलत लिखी हुई थी।

परिवार के अन्य सदस्य बृहस्पतिवार को सुनवाई में शामिल होने गए, जबकि शेख घर पर अकेले रहे और खबरों के मुताबिक, उन्हें दिल का दौरा पड़ गया।

पुलिस ने बताया कि दोनों मामलों की जांच जारी है।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने 12 जनवरी को मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पत्र लिखकर कहा कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान ‘अब तक 77 लोगों की मौत हो चुकी है, जिसमें आत्महत्या के प्रयास के चार और बीमारी के कारण अस्पताल में भर्ती होने के 17 मामले शामिल है।’

उन्होंने इसका कारण ‘भय, धमकी और निर्वाचन आयोग द्वारा बिना योजना के की गयी एसआईआर प्रक्रिया के कारण अत्यधिक कार्यभार’ बताया।

भाषा

राखी सुरेश

सुरेश