Birsa Munda Shaheed Diwas: आज पूरा देश कर रहा महान आदिवासी स्वतंत्रता सेनानी ‘बिरसा मुंडा’ को याद.. PM मोदी ने भी दी श्रद्धांजलि, अंग्रेजों के खिलाफ साहसपूर्वक संघर्ष को किया नमन

Birsa Munda Shaheed Diwas: शहीद दिवस पर प्रधानमंत्री मोदी ने बिरसा मुंडा को श्रद्धांजलि दी, जल-जंगल-जमीन की रक्षा के संघर्ष को नमन।

Birsa Munda Shaheed Diwas: आज पूरा देश कर रहा महान आदिवासी स्वतंत्रता सेनानी ‘बिरसा मुंडा’ को याद.. PM मोदी ने भी दी श्रद्धांजलि, अंग्रेजों के खिलाफ साहसपूर्वक संघर्ष को किया नमन

Birsa Munda Shaheed Diwas || Image- PM Modi Twitter

Modified Date: June 9, 2026 / 03:38 pm IST
Published Date: June 9, 2026 3:27 pm IST
HIGHLIGHTS
  • पीएम मोदी ने शहीद दिवस पर बिरसा मुंडा को श्रद्धांजलि दी।
  • जल, जंगल और जमीन की रक्षा हेतु संघर्ष को किया नमन।
  • 25 वर्ष की आयु में रांची जेल में हुआ निधन।

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को आदिवासी स्वतंत्रता सेनानी बिरसा मुंडा को उनके शहीद दिवस पर श्रद्धांजलि दी। प्रधानमंत्री ने कहा कि बिरसा मुंडा ने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अंग्रेजी शासन के खिलाफ साहसपूर्वक संघर्ष किया। (Birsa Munda Shaheed Diwas) उन्होंने कहा कि मातृभूमि के लिए उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों को देशभक्ति की प्रेरणा देता रहेगा।

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योगी, उपराष्ट्रपति और गडकरी ने किया नमन

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बिरसा मुंडा ने ‘उलगुलान’ के माध्यम से भारत के स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी। वहीं उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि उनका जीवन साहस, आत्मसम्मान और न्याय के प्रति समर्पण का प्रतीक था। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भी उन्हें नमन करते हुए कहा कि उन्होंने अपना पूरा जीवन आदिवासी समाज के अधिकारों और कल्याण के लिए समर्पित कर दिया।

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25 वर्ष की उम्र में हुआ था निधन

बिरसा मुंडा का जन्म 15 नवंबर 1875 को हुआ था। उन्होंने छोटानागपुर क्षेत्र में अंग्रेजों और शोषणकारी जमींदारों के खिलाफ आंदोलन का नेतृत्व किया। ‘धरती आबा’ के नाम से प्रसिद्ध बिरसा मुंडा ने 1899-1900 के दौरान ‘उलगुलान’ आंदोलन चलाया। (Birsa Munda Shaheed Diwas) अंग्रेजों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और 9 जून 1900 को रांची जेल में 25 वर्ष की आयु में उनका निधन हो गया। उनकी मृत्यु आज भी रहस्य बनी हुई है।

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