सावधानी और सतर्कता ही लम्पी रोग का बचाव: भजनलाल शर्मा

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सावधानी और सतर्कता ही लम्पी रोग का बचाव: भजनलाल शर्मा

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  • Publish Date - September 11, 2026 / 12:46 AM IST,
    Updated On - September 11, 2026 / 12:46 AM IST

जयपुर, 10 सितंबर (भाषा) राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि सावधानी और सतर्कता ही पशुओं में ‘लम्पी’ रोग से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार लम्पी रोग के प्रति पूरी तरह सजग एवं सतर्क है तथा समयबद्ध रूप से की गई तैयारियों के फलस्वरूप स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में रोग के लक्षण, बचाव एवं उपचार के उपायों की जानकारी देने के लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान संचालित किया जाए।

मुख्यमंत्री बृहस्पतिवार को यहां मुख्यमंत्री निवास पर ‘लम्पी’ स्किन रोग की स्थिति एवं प्रभावी नियंत्रण के लिए किए जा रहे उपायों को लेकर उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने गोवंश संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रभावी एवं समन्वित प्रयास किए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पूर्वी क्षेत्र के कुछ जिलों में ही लम्पी रोग के मामले सामने आए हैं, पूरे प्रदेश में नहीं हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरे प्रदेश में टीकाकरण अभियान को और तेज करने के साथ ही प्रभावित क्षेत्रों में रोग प्रतिरोधक दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि गोशालाओं एवं अन्य स्थानों पर संक्रमित पशुओं को अलग किया जाए तथा आवश्यक सभी प्रबंध सुनिश्चित किए जाए।

बैठक में पशुपालन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में लम्पी रोग से 10 हजार 403 संक्रमित पशु पाये गए हैं। इनमें से 6 हजार 905 पशुओं ठीक हो चुके हैं। साथ ही, प्रदेशभर में 87 प्रतिशत से अधिक टीकाकरण किया जा चुका है।

बैठक में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा, प्रमुख शासन सचिव वित्त वैभव गालरिया, प्रमुख शासन सचिव पशुपालन एवं गोपालन विकास सीतारामजी भाले सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। वहीं, पशुपालन मंत्री जोराराम कुमावत वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।

भाषा बाकोलिया

राजकुमार

राजकुमार