UPSC अभ्यर्थियों को बड़ी राहत, कोरोना के चलते आखिरी मौका गंवा चुके लोगों को मिलेगा एक और मौका, शर्तें लागू…

UPSC अभ्यर्थियों को बड़ी राहत, कोरोना के चलते आखिरी मौका गंवा चुके लोगों को मिलेगा एक और मौका, शर्तें लागू...

UPSC अभ्यर्थियों को बड़ी राहत, कोरोना के चलते आखिरी मौका गंवा चुके लोगों को मिलेगा एक और मौका, शर्तें लागू…
Modified Date: November 29, 2022 / 07:50 pm IST
Published Date: February 5, 2021 11:26 am IST

नयी दिल्ली: केंद्र ने शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय से कहा कि वह ऐसे यूपीएससी सिविल सेवा अभ्यर्थियों को एक बार की राहत के तौर पर अतिरिक्त मौका देने पर सहमत है जोकि कोविड-19 महामारी के बीच 2020 की परीक्षा में अपने अंतिम प्रयास में शामिल हुए थे और उनकी आयु समाप्त नहीं हुई है।

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न्यायमूर्ति ए एम खानविल्कर की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष केंद्र ने कहा, “ राहत खासतौर पर केवल सिविल सेवा परीक्षा-2021 (सीएसई) के लिए ऐसे अभ्यर्थियों तक ही सीमित रहेगी जोकि सीएसई-2020 में अपने अंतिम प्रयास में शामिल हुए थे और सीएसई-2021 में बैठने के लिए जिनकी आयु समाप्त नहीं हुई है। ऐसे अभ्यर्थियों को एक और बार परीक्षा में शामिल होने का अवसर दिया जाएगा।”

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उच्चतम न्यायालय में दाखिल दस्तावेज में केंद्र ने कहा कि सीएसई-2021 के दौरान ऐसे अभ्यर्थियों को राहत प्रदान नहीं की जाएगी, जिनका अंतिम प्रयास समाप्त नहीं हुआ है अथवा ऐसे उम्मीदवार जोकि विभिन्न श्रेणियों में निर्धारित आयु सीमा को पार कर चुके हैं। इसके अलावा, अन्य कारणों से परीक्षा में शामिल होने के लिये अयोग्य अभ्यर्थियों को भी सीएसई-2021 में राहत नहीं मिलेगी।

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केंद्र ने पीठ से यह भी कहा कि यह राहत केवल एक बार के अवसर के तौर पर सीएसई-2021 के लिए ही लागू रहेगी और इसे मिसाल के तौर पर नहीं देखा जाएगा। उन्होंने कहा कि भविष्य में इस राहत को आधार बनाकर किसी तरह के निहित अधिकार का दावा पेश नहीं किया जाएगा। पीठ ने केंद्र से इस दस्तावेज को वितरित करने को कहा और साथ ही याचिकाकर्ताओं को इस बारे में अपना जवाब दाखिल करने को कहा। शीर्ष अदालत ने कहा कि वह आठ फरवरी को इस मामले में सुनवाई करेगी। उल्लेखनीय है कि एक फरवरी को केंद्र ने अदालत से कहा था कि वह महामारी के चलते सीएसई-2020 के दौरान प्रभावित अभ्यर्थियों को एक और अवसर प्रदान नहीं कर सकता।

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