चमोली का गांव भूधंसाव की चपेट में, 64 लोगों को राहत शिविरों में भेजा गया

Ads

चमोली का गांव भूधंसाव की चपेट में, 64 लोगों को राहत शिविरों में भेजा गया

  •  
  • Publish Date - August 31, 2025 / 08:49 PM IST,
    Updated On - August 31, 2025 / 08:49 PM IST

गोपेश्वर, 31 अगस्त (भाषा) उत्तराखंड के चमोली जिले की नंदानगर नगर पंचायत के कुंतरी गांव का एक मोहल्ला जमीन धंसने और गहरी दरारें आने से खतरे की जद में आ गया है जिसे देखते हुए वहां रहने वाले परिवारों को राहत शिविर में भेज दिया गया है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि भूधंसाव से कुंतरी गांव के लग्गा फाली मोहल्ले में एक भवन पूरी तरह से जमीन में धंस गया है जबकि तीन गौशालाएं भी पूर्ण रुप से क्षतिग्रस्त हो गयीं। मोहल्ले के 16 आवासीय भवन भू-धंसाव और गहरी दरारों के चलते खतरे की जद में आ गए हैं।

अधिकारियों ने बताया कि इस इलाके में रह रहे 64 व्यक्तियों को पुलिस, जिला आपदा प्रबंधन बल तथा अन्य एजेंसियों की मदद से एहतियातन दो राहत शिविरों में भेजा गया है जहां उनके रहने तथा खाने की व्यवस्था स्थानीय प्रशासन द्वारा की जा रही है।

चमोली के उप जिलाधिकारी राजकुमार पांडे ने बताया कि उन्होंने आपदा प्रभावित ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है। उन्होंने बताया कि उन्होंने तहसील और पुलिस कर्मियों को क्षेत्र की लगातार निगरानी करने के भी निर्देश दिए हैं।

अधिकारियों ने बताया कि तहसील प्रशासन द्वारा नंदानगर क्षेत्र में संभावित भूस्खलन क्षेत्र से पशुओं को भी सुरक्षित स्थानों पर भेजने की कार्रवाई की जा रही है।

तहसीलदार दीप्तिशिखा ने बताया कि प्रशासन द्वारा इसके लिए गौशालायें किराए पर ली जा रहीं है तथा पशुओं के लिए चारे और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।

चमोली के जिलाधिकारी डॉ. संदीप तिवारी ने अपील की है कि स्थानीय लोग अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी प्रकार की समस्या होने पर तत्काल संबंधित अधिकारियों से संपर्क करें।

भाषा सं दीप्ति नोमान

नोमान