नयी दिल्ली, 30 जून (भाषा) कर्नाटक तट के पास चुनौतीपूर्ण समुद्री खोज एवं बचाव अभियान के दौरान भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) ने छह मछुआरों को सुरक्षित बचा लिया। उनकी मछली पकड़ने वाली नौका समुद्र में खराब हालात के कारण गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गई थी और उसमें पानी भर गया था। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि समुद्र की बेहद मुश्किल परिस्थितियों के लिए विशेष रूप से डिजाइन किए गए ‘‘रिमोट-संचालित लाइफबॉय’’ की मदद से भारतीय मछली पकड़ने वाली नौका ‘मंजू माता’ के सभी छह चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया।
आईसीजी के प्रवक्ता ने बताया कि सोमवार शाम को तटरक्षक बल के जहाज ‘सचेत’ को कर्नाटक के सूरतकल तट से लगभग 33 समुद्री मील दूर एक मछली पकड़ने वाली नौका से मदद का फोन कॉल आया। नौका पर सवार लोगों ने बताया कि समुद्र में खराब हालात की वजह से नौका में बहुत अधिक पानी भर गया है और उसका ढांचा क्षतिग्रस्त हो गया है जिससे नौका पर मौजूद सभी छह चालक दल के सदस्यों की जान को तुरंत खतरा पैदा हो गया है।
अधिकारी ने कहा, ‘‘आईसीजी ने बिना देर किए मदद के लिए जहाज को संकटग्रस्ट नौका की दिशा में मोड़ा और 90 मिनट के अंदर ही मुसीबत में फंसी नौका तक पहुंच गया।’’
यह बचाव अभियान बहुत चुनौतीपूर्ण मौसमी परिस्थितियों में चलाया गया।
प्रवक्ता ने कहा, ‘‘समुद्र में तूफान, तेज हवाएं, कम दृश्यता और अंधेरा होने की वजह से अभियान बहुत जटिल हो गया था। इसके लिए बचाव दल को बेहतरीन समुद्री कौशल, सटीकता और तालमेल की जरूरत होती है।’’
तटरक्षक ने कहा कि चुनौतियों के बावजूद आईसीजी की टीम ने ‘‘बेहतरीन कुशलता’’ के साथ अभियान को अंजाम दिया।
प्रवक्ता ने बताया कि असाधारण साहस, पेशेवर तरीके और अभियान के लिए तत्परता दिखाते हुए तटरक्षक बल ने मुसीबत में संकटग्रस्त नौका से छह मछुआरों को बचाया।
आईसीजी ने कहा, ‘‘टीम ने खराब समुद्री हालात में इस्तेमाल के लिए खास तौर पर बनाए गए रिमोट संचालित ‘लाइफबॉय’ का इस्तेमाल किया ताकि फंसे हुए मछुआरों तक सुरक्षित पहुंचा जा सके और उन्हें बचाया जा सके।’’
तटरक्षक बल ने बताया कि देर शाम तक चालक दल के सभी छह सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया जिन्हें कोई चोट नहीं आई थी।
प्रवक्ता ने बताया कि आईसीजी का जहाज ‘सचेत’ अभी न्यू मंगलुरु पहुंच रहा है ताकि बचाए गए चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित उतारा जा सके और आगे की औपचारिकताएं पूरी की जा सकें।
अधिकारी ने बताया कि ‘मंजू माता’ नौका 2019 में बनाई गई थी और कर्नाटक के उडुपी में पंजीकृत थी। इसका ढांचा फाइबर ग्लास से बना था।
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सुरभि वैभव
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