अदालत ने अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया

अदालत ने अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया

अदालत ने अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया
Modified Date: September 17, 2026 / 08:24 pm IST
Published Date: September 17, 2026 8:24 pm IST

नयी दिल्ली, 17 सितंबर (भाषा) दिल्ली की एक अदालत ने बृहस्पतिवार को पुलिस को कथित अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट के संबंध में प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया और कहा कि इस चरण में वह आरोपों के गुण-दोष पर कोई राय व्यक्त नहीं कर रही है।

मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मृदुल गुप्ता एक याचिका पर सुनवाई कर रही थीं जिसमें अधिवक्ता अमिता सचदेवा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कथित रूप से अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट करने को लेकर करिश्मा अजीज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश देने का अनुरोध किया था।

अदालत ने कहा कि शिकायतकर्ता (सचदेवा) ने ‘एक्स’ पर एक सोशल मीडिया खाते के माध्यम से कथित आरोपी द्वारा किए गए विभिन्न पोस्ट और वीडियो अपलोड से संबंधित स्क्रीनशॉट, प्रतिलिपियां और लिंक रिकॉर्ड में पेश किए हैं।

अदालत ने कहा, ‘‘आरोप किसी एक बयान तक सीमित नहीं हैं। बल्कि शिकायत में एक अवधि के दौरान प्रकाशित कई पोस्ट का उल्लेख किया गया है, जिनमें शिकायतकर्ता के अनुसार हिंदू धार्मिक मान्यताओं और हिंदू समुदाय से जुड़े ऐतिहासिक व्यक्तित्वों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियां हैं, जिनसे सांप्रदायिक वैमनस्य पैदा होने की आशंका है।’’

अदालत ने कहा कि सचदेवा के अनुसार, उन्होंने आरोपी या प्रतिवादी अजीज के कथित आपत्तिजनक पोस्ट और वीडियो उच्चतम न्यायालय स्थित अपने चैंबर में देखे थे, जो इस अदालत के अधिकार क्षेत्र में आता है।

भाषा शफीक नरेश

नरेश


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