नयी दिल्ली, सात मार्च (भाषा) दिल्ली उच्च न्यायालय ने शहर के महरौली इलाके में स्थित मुगल मस्जिद में नमाज पर रोक लगाने पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के खिलाफ दिल्ली वक्फ बोर्ड की प्रबंध समिति की याचिका पर सुनवाई को पहले करने से मंगलवार को इनकार कर दिया।
याचिकाकर्ता के वकील ने कहा था कि आगामी धार्मिक आयोजनों को देखते हुए 21 अगस्त को निर्धारित सुनवाई को पहले किया जाना चाहिए।
केंद्र सरकार के वकील ने अनुरोध का विरोध किया और कहा कि वह याचिकाकर्ता की याचिका पर जवाब दाखिल करेंगे।
न्यायमूर्ति मनोज कुमार ओहरी ने कहा, ‘‘पूर्व निर्धारित तारीख पर सूचीबद्ध किया जाए।’’
उच्च न्यायालय के समक्ष याचिकाकर्ता ने कहा कि एएसआई के अधिकारियों ने 13 मई, 2022 को मुगल मस्जिद में नमाज पर पूरी तरह रोक लगा दी और बिना कोई नोटिस या आदेश के पूरी तरह गैरकानूनी, मनमाने तरीके से ऐसा किया गया।
एएसआई ने याचिका पर अपने जवाब में कहा कि मस्जिद कुतुब मीनार की सीमा में आती है और संरक्षित क्षेत्र में आती है जहां नमाज अदा नहीं की जा सकती।
भाषा वैभव माधव
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