अदालत ने छह यूक्रेनी नागरिकों और एक अमेरिकी नागरिक को 11 दिन की एनआईए हिरासत में भेजा

Ads

अदालत ने छह यूक्रेनी नागरिकों और एक अमेरिकी नागरिक को 11 दिन की एनआईए हिरासत में भेजा

  •  
  • Publish Date - March 19, 2026 / 06:45 PM IST,
    Updated On - March 19, 2026 / 06:45 PM IST

नयी दिल्ली, 19 मार्च (भाषा) दिल्ली की एक अदालत ने छह यूक्रेनी नागरिकों और एक अमेरिकी नागरिक को 11 दिन की एनआईए हिरासत में भेज दिया, जिन पर म्यांमा स्थित जातीय सशस्त्र समूहों (ईएजी) को प्रशिक्षण देने का आरोप है।

ये समूह भारत में विद्रोही समूहों का समर्थन करने के लिए जाने जाते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि आरोपी कथित तौर पर मिजोरम सीमा के रास्ते म्यांमा से भारत में घुसपैठ करने में कामयाब रहे थे, जिसके बाद उन्हें विभिन्न घरेलू हवाई अड्डों पर रोका गया।

विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने 16 मार्च को राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण(एनआईए) की इस दलील पर गौर किया कि बड़े षड्यंत्र का खुलासा करने के लिए उसे आरोपियों से पूछताछ करने की आवश्यकता है।

एजेंसी ने हिरासत का अनुरोध करते हुए कहा कि आरोपियों से पूछताछ, उनसे बरामद उपकरणों के डेटा का विश्लेषण, अधिक सबूत एकत्र करने, मुख्य साजिशकर्ता और वित्तपोषण के स्रोत का पता लगाने, आरोपियों के द्वारा अपनाए गए मार्ग का पता लगाने और उनके अज्ञात सहयोगियों को गिरफ्तार करने के लिए हिरासत में पूछताछ आवश्यक है।

अदालत ने अमेरिकी नागरिक मैथ्यू आरोन वैनडाइक और यूक्रेनी नागरिकों – हुरबा पेट्रो, स्लिवियाक तारास, इवान सुकमानोव्स्की, स्टेफनकीव मारियन, होनचारुक मैक्सिम और कामिंस्की विक्टर को 27 मार्च तक एनआईए की हिरासत में भेज दिया।

अदालत ने हर 48 घंटे के बाद उनकी चिकित्सा जांच कराने का भी आदेश दिया।

अदालत ने गौर किया कि आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोप राष्ट्रीय सुरक्षा और देश के हितों से संबंधित हैं, और व्यापक रूप से गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम की धारा 18 (षड्यंत्र) के अंतर्गत आते हैं।

भाषा शफीक माधव

माधव