Police Officers Suspension Order: एडिशनल SP, SDOP और थाना प्रभारी समेत 5 पुलिस अधिकारी सस्पेंड.. आयोग के सेक्रेटरी ने जारी किया आदेश, तत्काल ड्यूटी से हटाने के निर्देश
Five Police Officers Suspended in West Bengal: चुनाव आयोग ने बंगाल में पांच पुलिस अधिकारियों को निलंबित किया, निष्पक्षता में विफलता पर कार्रवाई के निर्देश
Five Police Officers Suspended in West Bengal ||Image: Rediff file
- पांच पुलिस अधिकारियों को चुनाव आयोग ने किया निलंबित
- निष्पक्षता में विफलता और कदाचार के आरोप
- डायमंड हार्बर में TMC-BJP के बीच कड़ा मुकाबला
कोलकाता: चुनाव आयोग ने शुक्रवार को डायमंड हार्बर पुलिस ज़िले के पाँच पुलिस अधिकारियों को, बंगाल विधानसभा चुनावों के दौरान कथित कदाचार और निष्पक्षता बनाए रखने में विफलता के आरोप में, तत्काल निलंबित करने का आदेश दिया। (Five Police Officers Suspended in West Bengal) निलंबित अधिकारियों में संदीप गराई (अतिरिक्त SP), सजल मंडल (SDPO), मौसम चक्रवर्ती (IC, डायमंड हार्बर पुलिस स्टेशन), अजय बाग (IC, फलता पुलिस स्टेशन), और शुभेच्छा बाग (अधिकारी-प्रभारी, उस्थी पुलिस स्टेशन) शामिल हैं।
The Election Commission of India suspends five officers, and disciplinary proceedings are initiated for their serious misconduct and failure to maintain neutrality during the West Bengal Legislative Elections 2026. The suspended officers include Sandip Garai, Addl. SP, Diamond… pic.twitter.com/3uEpxG43jD
— ANI (@ANI) April 25, 2026
आदेश के पालन की रिपोर्ट भेजने के निर्देश
आयोग ने निर्देश दिया है कि इन सभी पाँचों अधिकारियों के ख़िलाफ़ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की जाए। इसके अतिरिक्त, SP इशानी पाल को भी चेतावनी जारी की गई है, क्योंकि वे चुनाव-संबंधी कर्तव्यों के दौरान अपने अधीनस्थों के बीच निष्पक्षता और अनुशासन सुनिश्चित करने में विफल रहीं। राज्य सरकार को निर्देश दिया गया है कि वह शनिवार सुबह 11 बजे तक इस आदेश के पालन की रिपोर्ट भेजे।
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में स्थित डायमंड हार्बर केवल एक भौगोलिक क्षेत्र नहीं, बल्कि राज्य की राजनीति का एक पावर सेंटर बन चुका है। 2026 के विधानसभा चुनाव के लिए यहां 29 अप्रैल 2026 को मतदान होगा और 4 मई 2026 को नतीजे आएंगे। (Five Police Officers Suspended in West Bengal) वर्तमान में यह सीट तृणमूल कांग्रेस का अभेद्य किला मानी जाती है, जहां पार्टी पिछले तीन चुनावों से लगातार जीत दर्ज कर रही है।
डायमंड हार्बर टीएमसी का अभेद किला
राजनीतिक रूप से, इस सीट पर लंबे समय तक वामपंथ का दबदबा रहा। माकपा (CPI-M) ने यहां कुल 9 बार जीत हासिल की है, लेकिन 2011 के ‘परिवर्तन’ के बाद से यहां का राजनीतिक रंग पूरी तरह हरा (TMC) हो गया है। 2011 और 2016 में यहाँ से दीपक कुमार हलदर ने टीएमसी के टिकट पर जीत दर्ज की थी।
2026 के चुनावों में डायमंड हार्बर में सीधा मुकाबला TMC और भाजपा के बीच होने की उम्मीद है। पिछले कुछ वर्षों में माकपा का वोट बैंक तेजी से गिरा है। जहां 2016 में माकपा को 41.04 प्रतिशत वोट मिले थे, वहीं 2024 में यह घटकर महज 3.46 प्रतिशत रह गया। (Five Police Officers Suspended in West Bengal) इसके विपरीत, भाजपा मुख्य चुनौती बनकर उभरी है और उसने 2021 में 36 प्रतिशत से अधिक वोट हासिल किए थे। हालांकि, वाम-कांग्रेस गठबंधन की अनुपस्थिति और अभिषेक बनर्जी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए, भाजपा के लिए इस ‘अजेय किले’ में दरार डालना एक बड़ी चुनौती होगी।
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