(फाइल फोटो के साथ)
मनकाचर (असम), 30 मार्च (भाषा) कांग्रेस की असम इकाई के प्रमुख गौरव गोगोई ने सोमवार को आरोप लगाया कि एआईयूडीएफ अध्यक्ष बदरुद्दीन अजमल और मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ‘चाचा-भतीजे’ की तरह हैं और ‘एक ही सिक्के के दो पहलू’ हैं।
यहां पार्टी उम्मीदवार महिबुर रहमान के पक्ष में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए गोगोई ने कहा, ‘‘शर्मा और अजमल चाचा और भतीजे जैसे हैं। अगर गुजरात से कोई कांग्रेस नेता शर्मा के खिलाफ कोई टिप्पणी करता है, असम पुलिस गुजरात जाकर उसे गिरफ्तार कर लेती है। लेकिन अगर अजमल उनके खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी भी करते हैं, तो कोई गिरफ्तारी नहीं होती है और न कोई मामला दर्ज होता है। वे एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।’’
उन्होंने दावा किया कि जिस तरह कांग्रेस पार्टी ने 2024 के लोकसभा चुनाव में अजमल की सांप्रदायिक राजनीति को हराया था, उसी तरह इस चुनाव में शर्मा की सांप्रदायिक राजनीति को भी हराया जायेगा।
जोरहाट के सांसद गोगोई ने कहा, ‘‘यह स्वीकार करना होगा कि शर्मा बहुत ही रणनीतिक राजनीति करते हैं। पहले जब वह कांग्रेस में थे, तब तरुण गोगोई ने उन्हें एक बेटे की तरह माना और कई लोगों के विरोध के बावजूद उन्हें मंत्री बनाया, लेकिन बाद में उन्होंने अपने राजनीतिक गुरु को धोखा दिया।’’
गोगोई ने आरोप लगाया कि भाजपा में शामिल होने के बाद, शर्मा ने सर्वानंद सोनोवाल को हटाकर और स्वयं मुख्यमंत्री बनकर वही ‘धोखा’ किया।
कांग्रेस नेता गोगोई ने कहा कि छात्र और आदिवासी नेता सोनोवाल 2016 में असम के मुख्यमंत्री बने थे, लेकिन पांच साल बाद, 2021 के चुनाव में, जब भाजपा फिर से सत्ता में आई, तो उनके हाथों में राज्य की कमान थी, लेकिन शर्मा ने यह सुनिश्चित किया कि वह दोबारा मुख्यमंत्री न बन सकें।
भाषा राजकुमार अमित
अमित
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