कागजात नहीं तो इलाज नहीं, महिला ने नाले में दिया बच्चे को जन्म

कागजात नहीं तो इलाज नहीं, महिला ने नाले में दिया बच्चे को जन्म

कागजात नहीं तो इलाज नहीं, महिला ने नाले में दिया बच्चे को जन्म
Modified Date: November 29, 2022 / 08:48 pm IST
Published Date: December 16, 2017 10:42 am IST

कोरापुट, ओडिशा। एक गर्भवती महिला अपने बीमार पति को देखने अस्पताल जाती है। इसी दौरान उसे लेबर पेन शुरू होता है और वो डॉक्टरों से इसके बारे में बताती है। महिला अस्पताल के डॉक्टर्स से गुहार लगाती है कि उसे तुरंत एडमिट किया जाए, दर्द काफी तेज़ हो रहा है, लेकिन किसी ने नहीं सुनी। आखिरकार उस महिला ने अस्पताल परिसर में ही कैंटीन के बगल में एक नाले में बच्चे को जन्म दिया। 

खबर उन तमाम दावों का ज़मीनी सच बताने के लिए काफी है, जो राज्यों से लेकर केंद्र सरकार और सत्ता में रह चुकी तमाम पार्टियां करती रही हैं। बताया जाता है कि इस प्रेगनेंट महिला को अस्पताल में दाखिल करने से डॉक्टरों ने इसलिए इनकार कर दिया क्योंकि उसके पास पर्याप्त दस्तावेज नहीं थे। किसी ने ये सोचने तक की जरूरत नहीं समझी कि वो महिला अस्पताल में अपने इलाज के लिए उस वक्त नहीं आई थी, बल्कि अपने बीमार पति को देखने के लिए आई थी। हालांकि ये मामला सामने आने के बाद अस्पताल के अधीक्षक ने इन आरोपों से इनकार किया है, लेकिन ये नहीं बताया कि अगर आरोप गलत हैं तो फिर अस्पताल परिसर में ही नाले में महिला को बच्चे को जन्म देने पर क्यों मजबूर होना पड़ा? 

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वैसे इस तरह की घटना कोई पहली बार सामने नहीं आई है, जब लोगों को बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए भी तरसना पड़ा हो। कभी दाना मांझी जैसे व्यक्ति को पत्नी की लाश कंधे पर उठाकर गांव तक ले जाने की खबर आती है तो कभी एंबुलेंस न मिलने पर पॉलीथीन में शव लपेटकर बाइक पर ले जाने की खबर। ये अलग बात है कि इस तरह की खबरों के बीच ही ये भी सुनने में आता है कि भारत हर क्षेत्र में इतनी तेज़ रफ्तार से तरक्की कर रहा है कि दुनिया इसे आने वाले दशकों में विश्व महाशक्ति के रूप में देख रही है।

वेब डेस्क, IBC24


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