बेंगलुरु, 10 सितंबर (भाषा) कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने अपने कार्यकाल के 100 दिन पूरे होने पर बृहस्पतिवार को कई नयी पहल की शुरुआत की, जिसमें ‘सेवा वन’ डिजिटल नागरिक सेवा मंच, मुख्यमंत्री ‘रायथा चैतन्या’ योजना, ‘बीएमटीसी 2.0’ मोबाइल ऐप और पांच लाख आवासीय भूखंड वितरित करने की योजना शामिल हैं।
सरकार ने ‘वन कर्नाटक मोबिलिटी एप’ ‘केएसआरटीसी अवतार 2.0’ भी शुरू किया। इसके अलावा डीजल वाहनों के लिए ‘रेट्रोफिट एमिशन कंट्रोल डिवाइस’ (वाहनों के उत्सर्जन को नियंत्रित करने वाला उपकरण) पहल शुरू की गई और ‘सैनिक सम्मान’ योजना की घोषणा की गई।
‘सेवा वन’ को राज्य के ‘‘एक शासन, एक डिजिटल’’ मंच के रूप में शुरू किया गया है। इसका उद्देश्य नागरिकों को एकीकृत डिजिटल मंच के माध्यम से सरकारी सेवाओं का लाभ लेने और अपनी जरूरतों से संबंधित जानकारी सरकार तक पहुंचाने की सुविधा देना है।
मुख्यमंत्री ‘रायथा चेतन्या’ योजना का उद्देश्य समय पर और स्थान-विशेष के अनुरूप कृषि संबंधी सलाह उपलब्ध कराकर खेती को अधिक लाभकारी बनाना है। इसे शुरुआती चरण में मांड्या, बेलगावी, विजयपुरा, हासन और शिवमोग्गा जिलों में शुरू किया गया है।
इस योजना का विस्तार बाद में सभी जिलों तक करने का प्रस्ताव है।
‘बीएमटीसी 2.0’ मोबाइल ऐप के जरिए यात्री बसों की लाइव लोकेशन देख सकेंगे, उनके पहुंचने का समय और मार्ग जान सकेंगे, डिजिटल तरीके से टिकट खरीद सकेंगे और ‘वॉलेट’ सुविधा का इस्तेमाल कर सकेंगे।
इस ऐप में कई माध्यमों से यात्रा की योजना बनाने की सुविधा भी होगी। साथ ही, बीएमसी और नम्मा मेट्रो के लिए एकीकृत टिकट व्यवस्था तथा दैनिक, साप्ताहिक और मासिक पास की सुविधा उपलब्ध होगी।
‘वन कर्नाटक मोबिलिटी एप’ ‘केएसआरटीसी अवतार 2.0’ के जरिए यात्री चारों राज्य परिवहन निगमों द्वारा संचालित बसों की बुकिंग ऐप या व्हाट्सऐप के माध्यम से कर सकेंगे। इसमें केएसआरटीसी और केएसटीडीसी के टूर पैकेज तथा डिजिटल मासिक पास की सुविधा भी उपलब्ध होगी।
सरकार ने ऐसे लोगों को पांच लाख आवासीय भूखंड वितरित करने की योजना की भी घोषणा की, जिनके पास रहने के लिए अपना घर या भूखंड नहीं है। खासतौर पर ग्रामीण इलाकों के लोगों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य लाभार्थियों को सम्मानपूर्वक जीवन जीने में सक्षम बनाना है।
सरकार ने इन पहल को ‘‘समान अवसर और समावेशी विकास’’ पर अपने ध्यान तथा कर्नाटक के विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का हिस्सा बताया।
भाषा गोला अविनाश
अविनाश