जाजपुर(ओडिशा), सात जनवरी (भाषा) ओडिशा के जाजपुर में छात्राओं के आत्मरक्षा कार्यक्रम के लिए रखे गये 32.07 लाख रुपये की हेराफेरी के आरोप में एक डिग्री कॉलेज के व्याख्याता को गिरफ्तार कर जेल भेजे जाने के बाद बुधवार को उसे निलंबित कर दिया गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
व्याख्याता के निलंबन का आदेश जाजपुर के उप-कलेक्टर और ‘चितालो डिग्री महाविद्यालय’ के शासी निकाय के अध्यक्ष तापस रंजन देहुरी की ओर से जारी किया गया । इससे पहले दो जनवरी को व्याख्याता अद्वैत प्रसाद मलिक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि संबंधित अनुशंसा पत्र उच्च शिक्षा विभाग को भेजा गया।
जाजपुर उप-कलेक्टर की ओर से जारी आदेश में कहा गया है, ‘‘न्यायिक हिरासत में भेजे जाने के परिणामस्वरूप आपको तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। ओडिशा सरकार के उच्च शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव से निलंबन को मंजूरी देने और इसके लिए आवश्यक प्रावधान करने का अनुरोध किया गया है।’
कॉलेज के प्रधानाचार्य रह चुके मलिक के खिलाफ इस संबंध में भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम, 2018 और भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
इसी मामले में कॉलेज के शासी निकाय के पूर्व अध्यक्ष बद्री नारायण रे को भी सतर्कता विभाग ने मलिक दो जनवरी को गिरफ्तार किया था।
भाषा तान्या रंजन
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