Rahul Gandhi Latest Speech: लोकसभा में गूंजा देश में LPG-तेल संकट का मुद्दा, राहुल गांधी ने सरकार से पूछे कई गंभीर सवाल, कहा- पेट्रोलियम मंत्री तो मिस्टर एपस्टीन के दोस्त

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लोकसभा में गूंजा देश में LPG-तेल संकट का मुद्दा, राहुल गांधी ने सरकार से पूछे कई गंभीर सवाल, LPG-oil crisis issue in Lok Sabha

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  • Publish Date - March 12, 2026 / 05:59 PM IST,
    Updated On - March 12, 2026 / 06:06 PM IST

Rahul Gandhi Latest Speech. Image Source- IBC24

HIGHLIGHTS
  • Rahul Gandhi ने लोकसभा में संभावित LPG-तेल संकट का मुद्दा उठाया।
  • उन्होंने कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से भारत प्रभावित हो सकता है।
  • मंत्री Hardeep Singh Puri ने कहा कि तेल-गैस की कोई कमी नहीं है।

नई दिल्लीः LPG-Oil Crisis Issue in Lok Sabha: राहुल गांधी ने लोकसभा में गुरुवार को एलपीजी संकट का मुद्दा उठाया। गुरुवार को ईरान-अमेरिका युद्ध की वजह से पैदा हुए तेल और एलपीजी संकट का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह तो बस अभी शुरुआत है। इसका बहुत बुरा असर होगा। राहुल गांधी ने एपस्टीन का भी जिक्र किया, जिसके बाद हंगामा मच गया। राहुल गांधी ने कहा, ”मिडिल ईस्ट में जंग छिड़ गई है। अमेरिका, इजरायल और ईरान जंग में हैं। इस जंग के बहुत बड़े नतीजे होंगे। सेंट्रल रास्ता, जहां से दुनिया का 20 फीसदी तेल बहता है, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, बंद हो गया है। इसका बहुत बुरा असर होगा, खासकर हम पर, क्योंकि हमारे तेल और नैचुरल गैस का एक बहुत बड़ा हिस्सा स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज से आता है। दर्द तो अभी शुरू हुआ है। रेस्टोरेंट बंद हो रहे हैं। एलपीजी को लेकर बहुत ज़्यादा पैनिक है…यह तो बस शुरुआत है।” इस पर हरदीप पुरी ने जवाब दिया कि देश में पैनिक की वजह से डिमांड बढ़ी है। तेल और गैस की कोई कमी नहीं है और भारत लंबे समय के लिए तैयार है।

LPG-Oil Crisis Issue in Lok Sabha राहुल गांधी ने केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी की ओर इशारा करते हुए कहा कि मैंने पहेली सुलझा ली है और पहेली समझौते के बारे में है। हमारे यहां एक सज्जन बैठे हैं जो पेट्रोलियम मंत्री हैं। उन्होंने खुद कहा है कि वह मिस्टर एपस्टीन के दोस्त हैं। राहुल के इतना कहते ही संसद में हंगामा होने लगा। स्पीकर ओम बिरला ने राहुल को टोकते हुए कहा कि नहीं। आपने जो नोटिस दिया है, उस पर बोलिए। आप प्रतिपक्ष के नेता हैं, उस पर ही बोलिए। इसके अलावा इजाजत नहीं दी जाएगी।

राहुल ने आगे कहा, ”हर देश की नींव उसकी एनर्जी सिक्योरिटी होती है। अमेरिका को यह तय करने देना कि हम किससे तेल खरीदें, किससे गैस खरीदें, और हम रूस से तेल खरीद सकते हैं या नहीं… अलग-अलग तेल सप्लायर के साथ हमारे रिश्ते हम तय कर सकते हैं। इसी की अदला-बदली हुई है… भारत जितना बड़ा देश किसी दूसरे देश को, किसी दूसरे देश के प्रेसिडेंट को यह तय करने की इजाजत क्यों दे कि वह हमें रूस का तेल खरीदने की इजाजत दे, कि हमारे रिश्ते किसके साथ हैं।”

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