बड़वानी, 18 मार्च (भाषा) मध्यप्रदेश के बड़वानी जिले में बुधवार को लोकायुक्त पुलिस ने प्राथमिक विद्यालय में छात्राओं के लिए बने शौचालय की मरम्मत की राशि जारी कराने के एवज में 5,000 रुपये की कथित घूस लेते एक सरकारी अधिकारी को रंगे हाथों पकड़ लिया। लोकायुक्त पुलिस के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) सुनील कुमार तालान ने बताया कि खत्री फलिया गांव के शासकीय प्राथमिक विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक जितेंद्र सोनी की शिकायत पर राजपुर कस्बे में विकासखंड स्त्रोत समन्वयक (बीआरसी) महेंद्र सिंह राठौर को 5,000 रुपये की कथित रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया।
उन्होंने बताया कि बीआरसी ने अपने घर के पास एक एटीएम के सामने प्रभारी प्रधानाध्यापक से यह रकम ली।
डीएसपी ने बताया कि जनजातीय कार्य विभाग ने आदिवासी बहुल इलाके के प्राथमिक विद्यालय में शौचालय की मरम्मत के लिए 20,000 रुपये की राशि स्वीकृत की थी, लेकिन तकनीकी समस्या के चलते यह रकम जारी नहीं हो सकी थी।
तालान ने बताया,‘‘छात्राओं को हर रोज होने वाली समस्या के मद्देनजर सोनी ने अपनी व्यक्तिगत राशि से शौचालय की मरम्मत तय समय-सीमा में करा ली।’’
हालांकि, इस राशि को सरकारी खजाने से हासिल करने के लिए जब उन्हें कार्य पूर्णता प्रमाणपत्र की आवश्यकता पड़ी, तो इसके बदले बीआरसी राठौर और जनपद शिक्षा केंद्र के उप यंत्री (सब इंजीनियर) अश्विन डागर ने उनसे 5,000 रुपये की घूस मांगी।
डीएसपी ने बताया कि दोनों सरकारी अफसरों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता के संबद्ध प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है।
भाषा सं. हर्ष शोभना शफीक
शफीक