श्रीनगर। सैन्य प्रशासन ने नाबालिग लड़की के साथ पकड़े गए मेजर गोगोई के खिलाफ कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी के आदेश जारी कर दिए हैं। इसस पहले थलसेना प्रमुख जनरल विपिन रावत ने उनके दोषी होने पर कठोर सजा दिए जाने के संकेत दिए। मेजर गोगोई को सेना की 53 आरआर से हटा दियागया है। नए आदेश के तहत उन्हें चिनार कोर मुख्यालय में अटैच किया गया है। साथ ही उनके कमांडिंग ऑफिसर को भी राज्य से बाहर किसी अंडर कमांड पोस्टिंग पर पदस्थ किए जाने की तैयारी है। उन पर लापरवाही का आरोप है।
सैन्य अधिकारियों के मुताबिक मेजर गोगोई पर भले ही आपराधिक मामला न बने लेकिन उन्होंने वादी में तैनात रहने वाले सैन्य अफसरों व जवानों के लिए लागू स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर का उल्लंघन किया है। ऐसे में सैन्य नियमों के तहत उन्हें दंड मिलना तय है।
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बता दें कि मेजर गोगोई अप्रैल 2017 में तब चर्चा में आए थे जब उन्होंने बड़गाम में एक पत्थरबाज को मानवढाल बना जीप पर सामने बांध कर घुमाया था। हालिया मामला यह है कि श्रीनगर के एक होटल में पहले से बुक कराए कमरे में जाने से होटल प्रबंधन ने इसलिए रोका कि उनके साथ एक स्थानीय युवक युवती थे। इससे हंगामा हो गया और पुलिस आई। पुलिस के पहुंचने से इस मामले में राजनीतिक मोड़ ले लिया। हालांकि मेजर गोगोई, लड़की व उनके साथ पकड़े गए एक अन्य सैन्यकर्मी समीर अहमद मल्ला को उसी दिन शाम को रिहा कर दिया गया था।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मेजर गोगोई के खिलाफ कोई मामला नहीं बनता है। लेकिन हम इस मामले पूरी जांच कर रहे हैं, ताकि सभी तथ्यों और हालात का पता लगाया जा सके।
वेब डेस्क, IBC24