रिताब्रता को नेता प्रतिपक्ष के रूप में मान्यता को ममता नीत टीएमसी ने उच्च न्यायालय में दी चुनौती

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रिताब्रता को नेता प्रतिपक्ष के रूप में मान्यता को ममता नीत टीएमसी ने उच्च न्यायालय में दी चुनौती

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  • Publish Date - June 8, 2026 / 05:27 PM IST,
    Updated On - June 8, 2026 / 05:27 PM IST

कोलकाता, आठ जून (भाषा) ममता बनर्जी नीत तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने सोमवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा अध्यक्ष के उस फैसले को कलकत्ता उच्च न्यायालय में चुनौती दी, जिसमें पार्टी के एक अलग गुट के नेता रिताब्रता बनर्जी को नेता प्रतिपक्ष के रूप में मान्यता दी गई है।

तृणमूल कांग्रेस के वकील ने तत्काल सुनवाई का अनुरोध करते हुए अदालत को बताया कि 18वीं पश्चिम बंगाल विधानसभा का पहला सत्र 18 जून से शुरू होने वाला है।

न्यायमूर्ति कृष्णा राव ने कहा कि याचिका पर 11 जून को प्राथमिकता के आधार पर सुनवाई की जाएगी।

मामले का तात्कालिकता के आधार पर न्यायमूर्ति राव के समक्ष उल्लेख किया गया था।

याचिकाकर्ता के वकील ने अदालत को बताया कि सदन के अध्यक्ष याचिका में मुख्य प्रतिवादी हैं।

तृणमूल के 80 विधायकों में से 58 ने नेता प्रतिपक्ष पद के लिए रिताब्रता बनर्जी का समर्थन किया था और पार्टी के आधिकारिक उम्मीदवार शोभनदेब चट्टोपाध्याय को खारिज कर दिया।

हाल में हुए बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 207 और तृणमूल ने 80 सीटों पर जीत दर्ज की थी।

भाषा सुभाष नरेश

नरेश