मंत्रियों का विधायकों की परियोजनाएं खारिज करना अपमानजनक: सज्जाद लोन

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मंत्रियों का विधायकों की परियोजनाएं खारिज करना अपमानजनक: सज्जाद लोन

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  • Publish Date - September 24, 2026 / 03:57 PM IST,
    Updated On - September 24, 2026 / 03:57 PM IST

श्रीनगर, 24 सितंबर (भाषा) पीपुल्स कांफ्रेंस के अध्यक्ष सज्जाद लोन ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि निर्वाचित प्रतिनिधियों को ‘कमजोर और अपमानित’ किया जा रहा है और एक ‘ऐसे मंत्री’ द्वारा उनके निर्वाचन क्षेत्रों में स्थानीय विकास परियोजनाओं से जुड़ी सिफारिशों को दरकिनार किया जा रहा है जो ‘संयोग’ से मंत्री बन गए।

जम्मू-कश्मीर विधानसभा में यह मुद्दा उठाते हुए हंदवाड़ा के विधायक लोन ने विधानसभा अध्यक्ष से पूछा कि यदि सदन के सदस्यों के जनादेश का इसी तरह ‘अनादर’ होता रहा तो सदन सदस्यों को क्या राहत देगा।

विधानसभा में शून्य काल के दौरान लोन ने कहा, ‘क्या एक विधायक के रूप में हमारे पास अधिकार हैं? क्या हमें अपने निर्वाचन क्षेत्रों में विकास कार्यों पर फैसला लेने का अधिकार है? मैंने सड़कों की एक सूची दी थी, लेकिन उन्होंने उसे खारिज कर दिया और अपनी मनमर्जी कर रहे हैं।’

किसी का नाम लिए बिना लोन ने कहा कि वह अपने क्षेत्र से जुड़े मामलों का फैसला किसी ‘ ऐसे मंत्री’ को नहीं करने देंगे जो ‘संयोग’ से मंत्री बन गए। उन्होंने कहा कि ऐसे मंत्रियों को विधायकों के अधिकारों को ‘कुचलने’ की इजाजत नहीं दी जाएगी।

विधायक ने इस बात पर जोर दिया कि जनप्रतिनिधियों की गरिमा और अधिकार सीधे इस विधानसभा से मिलते हैं, लेकिन अगर उनके इस संवैधानिक पद की गरिमा या अधिकारों से समझौता किया गया तो विधायक सड़कों पर उतरने सहित अन्य विकल्पों को अपनाने में संकोच नहीं करेंगे।

उन्होंने कहा, ‘अगर आज विशेषाधिकार हनन होता है, तो आप क्या करेंगे? हमारे पास दूसरा विकल्प सड़कों पर उतरना या केंद्र सरकार तथा उपराज्यपाल (एलजी) से संपर्क करना है। हमारी गरिमा इसी सदन से है।’

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया ने लोन के बयान का समर्थन करते हुए कहा, ‘यह हर जगह हो रहा है।’

हालांकि, विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राथेर ने लोन से कहा कि यदि वे उचित समझें तो विशेषाधिकार हनन का नोटिस दें।

अध्यक्ष ने कहा, ‘आप विशेषाधिकार हनन का नोटिस दे सकते हैं। उसके बाद मैं उस पर नियमानुसार कार्रवाई करूंगा। इसकी एक तय प्रक्रिया है।’

भाषा सुमित नरेश

नरेश