पूर्वी दिल्ली में टोल प्लाजा के निकट एसयूवी कार ने ट्रक को टक्कर मारी, मां-बेटी की मौत
पूर्वी दिल्ली में टोल प्लाजा के निकट एसयूवी कार ने ट्रक को टक्कर मारी, मां-बेटी की मौत
नयी दिल्ली, 12 फरवरी (भाषा) पूर्वी दिल्ली के गाजीपुर इलाके में राष्ट्रीय राजमार्ग-9 पर एमसीडी टोल प्लाजा के निकट बृहस्पतिवार सुबह एक एसयूवी कार एक ट्रक से टकरा गई, जिसके चलते 55 वर्षीय महिला और उनकी बेटी की मौत हो गई, जबकि दो बच्चों समेत परिवार के तीन अन्य सदस्य घायल हो गए। पुलिस ने यह जानकारी दी।
उसने बताया कि मृतकों की पहचान नीलम गर्ग (55) और उनकी बेटी दीपांजलि (38) के रूप में हुई है।
उसने कहा कि घायलों में दीपांशु (28) और दीपांजलि के दो बच्चे विवान (5) और वाशु (3) शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार, दीपांशु अपनी शादी के बाद पहली होली परिवार के साथ मनाने को लेकर उत्साहित थे तथा वह अपनी बहन दीपांजलि और भांजों को यहां रोहिणी में अपने घर लाने के लिए अपनी मां नीलम के साथ देहरादून गए थे।
बताया जा रहा है कि कार लगभग 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी और वह राष्ट्रीय राजमार्ग-9 पर गाजीपुर टोल प्लाजा के पास खड़े एक कंटेनर ट्रक से टकरा गई।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “हमें आशंका है कि टक्कर से ठीक पहले दीपांशु को झपकी आ गई होगी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का बायां हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। दीपांजलि आगे की सीट पर बैठी थीं, जबकि उनकी मां नीलम पीछे की सीट पर थीं।”
बचाव दल को घायलों को बाहर निकालने के लिए वाहन को काटना पड़ा। अधिकारी ने बताया कि टक्कर के बाद वाहन घूम गया, जिसकी वजह से नीलम कार से दूर जा गिरीं।
हादसा सुबह 6:43 बजे विनोद नगर डिपो के पास टोल बूथ के निकट हुआ। गाजीपुर थाने में पीसीआर पर कॉल आने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची।
अधिकारी ने बताया, “घटनास्थल पर पहुंचने पर कार में सवार दो महिलाएं अचेत अवस्था में मिलीं। उनकी पहचान दीपांजलि (38) और नीलम गर्ग (55) के रूप में हुई। एक महिला वाहन के बाहर पड़ी थी, जबकि दूसरी आगे की सीट में फंसी हुई थी। दोनों को घटनास्थल पर ही मृत घोषित कर दिया गया।”
अधिकारी कहा कि कार चालक दीपांशु और दोनों बच्चे घायल अवस्था में मिले, जिन्हें तुरंत मैक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया और उनकी हालत पर नजर रखी जा रही है।
परिजनों के अनुसार, चावल का कारोबार करने वाले दीपांशु अपनी शादी के बाद पहली होली पूरे परिवार के साथ मनाना चाहते थे और चाहते थे कि उनकी बहन व भांजे भी इस खुशी में शामिल हों।
नीलम के भाई सुरेंद्र कुमार मित्तल ने कहा, “हमने सोचा था कि सभी मिलकर त्योहार मनाएंगे। बच्चों के लिए पिचकारियां और रंग खरीदने की तैयारी कर रहे थे। हमें क्या पता था कि हमें अपने प्रियजनों का अंतिम संस्कार करना पड़ेगा।”
पुलिस ने बताया कि इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 281 (सार्वजनिक मार्ग पर लापरवाही से वाहन चलाना), 125(बी) (जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालना) और 106(1) (लापरवाही के कारण मृत्यु होना) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
भाषा जोहेब राजकुमार
राजकुमार

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