अहमदाबाद। गुजरात के मिर्जापुर इलाके में एक प्राचीन हनुमान मंदिर की हालत खस्ता थी। कोई इस मंदिर की सुध लेने वाला नहीं था। स्थानीय लोग काफी समय से इस मंदिर के जीर्णोद्धार की मांग कर रहे थे, लेकिन आगे कोई नहीं आ रहा था। अहमदाबाद के रहने वाले मोइन मेमन को जब ये पता चला और उन्होंने मंदिर की हालत देखी तो इसके पुनर्निर्माण की ठानी। इसके बाद तो इसकी न सिर्फ मरम्मत कराई गई, बल्कि अब अगर कोई इसे देखे तो ऐसा लगेगा कि ये मंदिर 500 साल पुराना नहीं है, अभी-अभी बनाया गया है।
अब मोइन मेमन इस इलाके के लोगों के लिए एक मिसाल बन गए हैं। यहां इस बात की चर्चा हो रही है कि एक मुस्लिम ने एक प्राचीन मंदिर की मरम्मत कराई और खुद लगातार अपनी निगरानी में ये काम संपन्न कराया। मंदिर के पुजारी भी बेहद खुश हैं और हनुमान भक्तों की भी खुशी का ठिकाना नहीं है।
लेकिन, इन सबसे ज्यादा खुश हैं खुद मोइन मेमन, जिनका कहना है कि वो खुशकिस्मत हैं कि बाकी सभी हनुमान भक्तों के बीच से इस काम के लिए उन्हें ही चुना गया।
Moin Memon, an Ahmedabad resident, completed renovation work of a 500-year-old Hanuman temple in Mirzapur, said, ‘I feel fortunate that I was chosen for this work among all other Hanuman Bhakts’ #Gujarat pic.twitter.com/L6ieHJV8No
— ANI (@ANI) February 24, 2018
मोइन मेमन ने जब इस मंदिर का जीर्णोद्धार कराने की ठानी थी, उस वक्त उनसे पूछा गया था कि इस कदम के पीछे उनकी सोच क्या है? मोइन ने इसका जवाब दिया था कि राजनीति करने वाले तो जब तक हिंदू-मुस्लिम नहीं करेंगे, तब तक उनकी रोटी नहीं सिकेगी, लेकिन हिंदू और मुस्लिम जब एक हो जाएंगे तब राजनीति वाले लोग कुछ नहीं कर पाएंगे और सुकून, शांति देश में कायम रहेगी।
बहरहाल, मोइन मेमन की सोच और मंदिर पुनरोद्धार की प्रतिबद्धता ने मिर्जापुर के इस 500 साल पुराने हिंदू आस्था से जुड़े हनुमान मंदिर को नया रूप देकर यहां की स्थानीय जनता को बेमिसाल तोहफा दिया है, जिसकी हर कोई सराहना कर रहा है।
वेब डेस्क, IBC24