एसआईआर के बाद मतुआ, अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के नाम मतदाता सूचियों से हटाए गए: ममता बनर्जी

एसआईआर के बाद मतुआ, अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के नाम मतदाता सूचियों से हटाए गए: ममता बनर्जी

एसआईआर के बाद मतुआ, अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के नाम मतदाता सूचियों से हटाए गए: ममता बनर्जी
Modified Date: April 7, 2026 / 02:14 pm IST
Published Date: April 7, 2026 2:14 pm IST

कोलकाता, सात अप्रैल (भाषा) पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को आरोप लगाया कि राज्य में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद मतदाता सूचियों से मतुआ और अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के नाम हटा दिए गए हैं।

नदिया जिले के चकदाहा में एक रैली को संबोधित करते हुए, बनर्जी ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस उन लोगों के साथ खड़ी रहेगी जिनके नाम एसआईआर की प्रक्रिया के बाद मतदाता सूचियों से हटा दिए गए थे।

निर्वाचन आयोग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, एसआईआर की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पश्चिम बंगाल में लगभग 91 लाख मतदाताओं के नाम मतदाता सूचियों से हटा दिए गए हैं।

बनर्जी ने दावा किया कि उच्चतम न्यायालय में उनके दखल के बाद, निर्णय के लिए विचाराधीन लगभग 60 लाख मामलों में से लगभग 32 लाख नाम सूचियों में बहाल कर दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया, ‘‘खास समुदायों…..मतुआ, राजबंशी और अल्पसंख्यकों को निशाना बनाकर मतदाता सूचियों से नाम हटाए जा रहे थे।’’

पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यों वाली विधानसभा के लिए चुनाव दो चरणों में 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को होंगे और मतगणना 4 मई को होगी।

भाषा वैभव मनीषा

मनीषा


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