असम में ‘मोइत्री’ योजना के तहत बन रहे हैं नये आदर्श थाने

असम में ‘मोइत्री’ योजना के तहत बन रहे हैं नये आदर्श थाने

असम में ‘मोइत्री’ योजना के तहत बन रहे हैं नये आदर्श थाने
Modified Date: November 29, 2022 / 08:31 pm IST
Published Date: December 27, 2020 12:45 pm IST

गुवाहाटी, 27 दिसंबर (भाषा) असम में 55 थानों के भवनों का नागरिकोन्मुखी परियोजना के तहत पुनर्निर्माण किया गया है और उनमें छोटे पालनाघर, पृथक महिला एवं किशोर कॉर्नर और आरामदेह सोफा सेट के साथ बैठने की व्यवस्था की गयी है।

‘मिशन फोर ऑवरऑल इम्प्रूवमेंट ऑफ थाना फॉर रिस्पोंसिव इमेज’ (मोइत्री) थानों के निर्माण या पुनर्निर्माण के लिए मॉडल बन गया है और सभी थाने पुलिसकर्मियों के मानवीय चेहरे को बढ़ावा देने का प्रयास कर रहे हैं। यह परियोजना 2016 में शुरू की गयी थी।

पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंत ने पीटीआई-भाषा से कहा, ‘‘मोइत्री में थानों को बदलने और वहां स्वागत, प्रतीक्षा कक्ष, वीडियो कांफ्रेंस प्रणाली, पृथक महिला एवं बाल इकाई, उनके लिए पृथक प्रवेश द्वार, शौचालय, समुचित पेयजल सुविधा, चहारदवारी और पालनाघर जैसी सुविधाएं देने की संकल्पना की थी।’’

असम में करीब 340 थाने हैं और उन सभी का चरणबद्ध तरीके से मोइत्री परियोजना के तहत पुनर्निर्माण किया जाएगा और इस निर्माण कार्य की अवधि 12 महीने रखी गयी है।

महंत ने कहा, ‘‘ फिलहाल 55 थाने का मोइत्री के तहत पुनर्निर्माण किया गया है। ’’

हर थाने में साइबर कक्ष और कार्यस्थल, मादक पदार्थ व्यसन के शिकार लोगों के लिए परामर्श कक्ष आदि हैं।

भाषा

राजकुमार अविनाश

अविनाश

अविनाश

अविनाश


लेखक के बारे में