भुवनेश्वर, एक अप्रैल (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद निशिकांत दुबे ने बुधवार को अपने उस दावे के लिए बिना शर्त माफी मांगी कि ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री बीजू पटनायक 1960 के दशक में चीन के खिलाफ युद्ध के दौरान प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और सीआईए के बीच की कड़ी थे।
दुबे ने राज्य के एक प्रतिष्ठित व्यक्ति पटनायक पर की गई टिप्पणी को लेकर ओडिशा राज्य स्थापना दिवस ‘उत्कल दिवस’ के मौके पर माफी मांगी। उन्होंने राज्य स्थापना दिवस पर लोगों को शुभकामनाएं दीं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘उत्कल दिवस’ पर पटनायक की सराहना करते हुए कहा कि उनका जीवन शक्ति, साहस और राष्ट्र निर्माण के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक है।
भाजपा सांसद ने 27 मार्च को बयान में पटनायक के सीआईए से जुड़े होने की टिप्पणी की थी।
इस टिप्पणी के लिए भाजपा के अंदर और बाहर दोनों जगह उनकी आलोचना हुई।
भाजपा सांसद ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘पिछले सप्ताह मीडिया से बात करते समय नेहरू-गांधी परिवार के कारनामों के संबंध में विशेष रूप से पूर्व मुख्यमंत्री और भारत के अग्रणी नेताओं में से एक माननीय बीजू पटनायक के संदर्भ में मेरी टिप्पणियों का गलत अर्थ निकाला गया।’’
दुबे ने कहा कि यह उनका निजी विचार था। उन्होंने कहा, ‘‘नेहरू जी के बारे में मेरे विचारों को बीजू बाबू के बारे में समझा गया। बीजू बाबू हमेशा से हमारे लिए एक महान नेता रहे हैं और रहेंगे। अगर मेरे बयान से किसी की भावनाओं को ठेस पहुंची है, तो मैं बिना शर्त माफी मांगता हूं।’’
पटनायक दो बार (1961-63 और 1990-95) में ओडिशा के मुख्यमंत्री रहे।
प्रधानमंत्री मोदी ने उत्कल दिवस के अवसर पर ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी को लिखे पत्र में कहा कि बीजू पटनायक इस धरती के प्रमुख सपूतों में से एक हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा, “बीजू बाबू का बहुआयामी व्यक्तित्व हम सभी को प्रेरित करता है। यह (ओडिशा) वह भूमि है जिसने महान बीजू पटनायक को पाला-पोसा, जिनका जीवन शक्ति, साहस और राष्ट्र निर्माण के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक है।”
बीजू पटनायक के नाम पर बनी विपक्षी पार्टी बीजद ने एक बयान में कहा: “महान नेता एवं स्वतंत्रता सेनानी बीजू पटनायक के बारे में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे द्वारा दिए गए भ्रामक बयान का देश ने खंडन किया है। देशभर के लोग बीजू बाबू को परिवर्तनकारी और राष्ट्रवादी प्रयासों के प्रतीक के रूप में याद करते हैं।”
बीजू के छोटे बेटे नवीन पटनायक के नेतृत्व वाली क्षेत्रीय पार्टी ने कहा कि बीजू पटनायक उड़िया गौरव का प्रतीक हैं।
कानून मंत्री पृथ्वीराज हरिचंदन ने कहा, “दुबे ने यह टिप्पणी शायद खुद ही की होगी। मुख्यमंत्री समेत हम सभी इस बयान से आहत हैं। बीजू बाबू एक महान हस्ती थे।”
भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बैजयंत पांडा, राज्यसभा सांसद दिलीप रे और लोकसभा सदस्य विभू प्रसाद तराई ने भी दुबे की आलोचना की।
दुबे के बयान पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस के पोते चंद्र कुमार बोस ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि बीजू पटनायक पर एक गंभीर आरोप लगाया गया है और इसकी स्पष्ट शब्दों में निंदा की जानी चाहिए।
भाषा यासिर नरेश
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