नूंह पुलिस ने साइबर अपराध पर शिकंजा कसने के लिए के लिए 58 गांवों को निगरानी में रखा
नूंह पुलिस ने साइबर अपराध पर शिकंजा कसने के लिए के लिए 58 गांवों को निगरानी में रखा
गुरुग्राम (हरियाणा), तीन जून (भाषा) हरियाणा के नूंह जिले में पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ विशेष अभियान के तहत 58 गांवों को निगरानी में रखा है और उनके सरपंचों को कानूनी नोटिस जारी कर साइबर अपराधियों को पनाह देने के खिलाफ चेतावनी दी है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
पुलिस ने बताया कि मंगलवार को यह कार्रवाई ‘ऑपरेशन क्लीन’ के तहत पुलिस द्वारा उन गांवों की पहचान किए जाने के बाद की गई, जो बार-बार ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी कॉल, ‘डिजिटल अरेस्ट’ और ओएलएक्स से संबंधित धोखाधड़ी के मामलों से जुड़े रहे हैं।
इसने बताया कि इस अभियान के तहत पुलिस साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई तेज करेगी और उनकी मदद करने वाले नेटवर्क को नष्ट करेगी।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने ग्राम स्तर पर जवाबदेही तय करने का फैसला किया है, क्योंकि पूरे जिले की छवि खराब हो रही है और नूंह अब साइबर अपराध के गढ़ के रूप में चर्चित हो गया है।
अधिकारियों ने बताया कि चिह्नित गांवों के सरपंचों को नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई है कि यदि वे साइबर अपराधियों को शरण या सहायता प्रदान करते पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि चिह्नित किए गए अधिकतर गांव पुन्हाना, बिचोर और फिरोजपुर झिरका थाना क्षेत्रों में हैं।
पुलिस के अनुसार, इन गांवों से साइबर धोखाधड़ी के मामलों में कई गिरफ्तारियां की गई हैं लेकिन साइबर अपराधियों को स्थानीय स्तर पर समर्थन मिलने की शिकायतें भी सामने आई हैं।
अधिकारियों ने जनता से साइबर अपराध में शामिल लोगों का सामाजिक बहिष्कार करने और उनके बारे में जानकारी देने की अपील की है।
नूंह पुलिस के एक प्रवक्ता ने कहा, ‘‘साइबर अपराधियों के लिए पनाहगाह बने गांवों में विशेष अभियान चलाए जाएंगे, ताकि अपराधियों, उनके सहयोगियों और उन्हें संरक्षण देने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।’’
भाषा
राजकुमार नेत्रपाल
नेत्रपाल

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