भुवनेश्वर, 20 अप्रैल (भाषा) ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने मुख्यमंत्री किसान योजना की चौथी किस्त के रूप में 41.68 लाख किसानों को सोमवार को 838 करोड़ रुपये से अधिक धनराशि बांटी।
माझी ने कटक स्थित केंद्रीय धान अनुसंधान संस्थान (सीआरआरआई) में आयोजित राज्य स्तरीय कृषक दिवस 2026 समारोह में यह राशि वितरित की। इस मौके पर उपमुख्यमंत्री केवी सिंह देव भी मौजूद थे, जो राज्य के कृषि एवं किसान सशक्तीकरण विभाग के प्रभारी भी हैं।
ओडिशा में अक्षय तृतीया के अवसर पर कृषक दिवस मनाया जाता है।
माझी ने कहा कि सीएम-किसान योजना के प्रत्येक लाभार्थी (जिनमें ज्यादातर छोटे और सीमांत किसान शामिल हैं) के बैंक खाते में आगामी खरीफ फसल सत्र के लिए वित्तीय मदद के रूप में दो हजार रुपये अंतरित किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि वित्तीय मदद हासिल करने वाले 41,68,582 किसानों में से 41,049 भूमिहीन और 3,292 आदिवासी हैं, जबकि बाकी 41,24,241 लाभार्थी लघु एवं सीमांत किसान हैं।
माझी ने कहा, “सीएम-किसान योजना के तहत आज दी गई वित्तीय सहायता से छोटे और सीमांत किसानों को बीज एवं उर्वरक खरीदने में मदद मिलेगी।”
सीएम-किसान योजना के तहत पूरे ओडिशा के पात्र किसानों को हर साल अक्षय तृतीया और नुआखाई के अवसर पर दो किस्तों में कुल 4,000 रुपये प्रदान किए जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा, “ओडिशा के किसानों को प्रति वर्ष 10,000 रुपये की वित्तीय सहायता हासिल होती है, जिसमें से 4,000 रुपये मुख्यमंत्री किसान योजना, जबकि 6,000 रुपये प्रधानमंत्री-किसान योजना के तहत मिलते हैं।”
अक्षय तृतीया के मौके पर माझी और देव ने धान की बुवाई की शुरुआत के प्रतीक के रूप में ‘अखी मुट्ठी अनुकुला’ (धान के बीज का छिड़काव) अनुष्ठान किया।
बाद में मुख्यमंत्री ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “हमारी सरकार राज्य के अन्नदाताओं की समृद्धि और कृषि अर्थव्यवस्था की मजबूती सुनिश्चित करने के लिए दृढ़तापूर्वक प्रतिबद्ध है। हम आज खरीफ सत्र 2026 के लिए मुख्यमंत्री-किसान योजना के तहत वित्तीय सहायता राशि का प्रत्यक्ष अंतरण शुरू कर रहे हैं।”
उन्होंने कहा कि ओडिशा में कृषि क्षेत्र की विकास दर 5.3 फीसदी तक पहुंच गई है, जो राष्ट्रीय औसत 4.4 प्रतिशत से काफी अधिक है और इससे संकेत मिलता है कि हमारी कृषि नीतियों ने अच्छे परिणाम दिए हैं।
भाषा पारुल नरेश
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