प्रधानमंत्री को धर्मेंद्र प्रधान को हटाना चाहिए, कांग्रेस युवाओं के लिए लड़ेगी: रेवंत रेड्डी
प्रधानमंत्री को धर्मेंद्र प्रधान को हटाना चाहिए, कांग्रेस युवाओं के लिए लड़ेगी: रेवंत रेड्डी
हैदराबाद, 22 जुलाई (भाषा) तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक मामले और प्रधानमंत्री आवास पर धरने के बाद राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने को लेकर बुधवार को केंद्र की राजग सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से बर्खास्त किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने विकाराबाद के कोडंगल विधानसभा क्षेत्र में प्रदर्शन के दौरान कहा कि अगर प्रधान को बर्खास्त नहीं किया गया तो (नरेन्द्र) मोदी को इस्तीफा देना होगा।
रेड्डी ने कहा कि कांग्रेस राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार के खिलाफ ‘‘सड़क से लेकर संसद तक’’ लड़ाई लड़ेगी। उन्होंने कहा कि कोडंगल में कांग्रेस कार्यकर्ता मोदी को उनके पद से हटाने और राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने का संकल्प ले रहे हैं।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को ‘‘गोडसे का उत्तराधिकारी’’ और कांग्रेस को महात्मा गांधी का उत्तराधिकारी बताते हुए उन्होंने कहा कि लड़ाई कांग्रेस और भाजपा के बीच नहीं, बल्कि गांधी और गोडसे के उत्तराधिकारियों के बीच है।
उन्होंने कहा, ‘‘नरेन्द्र और धर्मेंद्र ने मिलकर इस देश को लूटने की कोशिश की है। हम आपको कामयाब नहीं होने देंगे। राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और (मल्लिकार्जुन) खरगे के नेतृत्व में हम सड़क से लेकर संसद तक लड़ेंगे और इस लड़ाई में आपको हराएंगे। मोदी देश और युवाओं की जिंदगी से खिलवाड़ कर रहे हैं।’’
उन्होंने कहा कि देश के युवा मोदी के खिलाफ लड़ने को तैयार हैं और आने वाले दिनों में कांग्रेस युवाओं के समर्थन में मोदी के खिलाफ लड़ाई लड़ेगी।
उन्होंने आरोप लगाया कि 20 जुलाई को संसद तक निकाले गए (कॉकरोच जनता पार्टी के) मार्च के दौरान सुरक्षाकर्मियों ने छात्रों पर बेरहमी से हमला किया; महिलाओं के कपड़े फाड़ दिए गए और पुरुषों की बुरी तरह पिटाई की गई।
उन्होंने दावा किया कि बड़ी संख्या में छात्र गायब हो गए हैं और ‘‘यह पता नहीं है कि पुलिस उन्हें ले गई या भाजपा नेताओं ने उनका अपहरण किया है।’’
उन्होंने कहा कि 21 जुलाई को प्रधानमंत्री आवास के पास हिरासत में लिए जाने के दौरान राहुल गांधी की नाक से खून निकल रहा था।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी देश के लिए खून बहाने वाले नेहरू परिवार के पहले और आखिरी व्यक्ति नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि नाथूराम गोडसे ने महात्मा गांधी की हत्या की थी और इंदिरा गांधी व राजीव गांधी ने अपनी जान कुर्बान कर दी थी, तो वहीं सोनिया गांधी ने कोई पद स्वीकार नहीं किया और मनमोहन सिंह को प्रधानमंत्री बनाया।
भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामा राव पर निशाना साधते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि 2019 में तेलंगाना में 27 छात्रों ने आत्महत्या की थी, जब उनकी एक ‘बेनामी’ कंपनी ने इंटरमीडिएट (11वीं और 12वीं कक्षा) की परीक्षा की कॉपी के मूल्यांकन में गड़बड़ी की थी।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि उसी कंपनी ने अपना नाम बदला और ‘‘प्रधान तथा केंद्र के साथ केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के परीक्षा पत्रों के मूल्यांकन के लिए समझौता किया’’ तथा निविदा इस तरह तैयार की गयीं कि वे सिर्फ उसी कंपनी के अनुकूल हों।
अनियमितताओं के कारण सीबीएसई को मूल्यांकन प्रक्रिया रद्द करनी पड़ी और यह प्रक्रिया फिर से शुरू करनी पड़ी। उन्होंने दावा किया कि इसके कारण छात्रों ने आत्महत्या की।
भाषा
सुरभि नरेश
नरेश

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