नई दिल्ली। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आज दो दिन की यात्रा पर भारत पहुंचेंगे। इस दौरान रूस के साथ सामरिक लिहाज से बेहद अहम एस-400 वायु प्रतिरक्षा प्रणाली सौदे पर समझौते के अलावा दोनों देशों के बीच रणनीतिक संबंधों की मजबूती को लेकर भी बातचीत होगी। भारत के साथ दुनिया के प्रमुख देशों की निगाह पुतिन की इस यात्रा पर होगी।
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रूस और ईरान पर अमेरिकी प्रतिबंधों की छाया के बीच हो रही पुतिन की यात्रा में दोनों देश आपसी संबंधों को गति देने और परस्पर व्यापार को जारी रखने के तरीकों पर विचार करेंगे। गौरतलब है कि भारत, अमेरिका को भरोसे में लेकर रूस के साथ सामरिक व रणनीतिक संबंधों को जारी रखने पर जोर दे रहा है। माना जा रहा है कि पुतिन की यात्रा से शक्ति संतुलन की दिशा तय होगी। इस समझौते पर 5 अक्टूबर को दोनों नेता संयुक्त बयान भी जारी करेंगे।
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आपको बतादें अमेरिकी संसद ने रूस से हथियार खरीदने पर प्रतिबंध लगाया हुआ। इसके बावजूद अगर भारत को एस-400 डिफेंस सिस्टम मिलता है तो यह काउंटरिंग अमेरिकाज एडवर्सरीज थ्रू सेंक्शंस एक्ट (सीएएटीएसए) का उल्लंघन माना जाएगा। हालांकि, कुछ अमेरिकी सांसदों का कहना है कि इस मामले में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से विशेष छूट मिल सकती है।
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वहीं भारत-रूस के बीच गुरुवार को होने वाले इस समझौते को देखते हुए अमेरिका ने नाराजगी जाहिर की है। अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने बुधवार को कहा कि हम अपने सभी सहयोगियों और साझेदारों को रूस के साथ व्यापार न करने का अनुरोध कर चुके हैं। अगर ऐसा नहीं होता है तो सहयोगी देशों पर सीएएटीएसए के तहत प्रतिबंध लगाए जाएंगे।
वेब डेस्क, IBC24