राहुल भट्ट हत्याकांड : 350 सरकारी कर्मचारियों ने दिया इस्तीफा, पत्नी ने केंद्र सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

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आतंकवादियों द्वारा सरकारी कर्मचारी राहुल भट्ट की हत्या करने के बाद कश्मीरी पंडितों में भारी आक्रोश है। राहुल की हत्या के विरोध में 350 सरकारी

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  • Publish Date - May 13, 2022 / 06:49 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:14 PM IST

Rahul Bhatt murder case: जम्मू-कश्मीर। आतंकवादियों द्वारा सरकारी कर्मचारी राहुल भट्ट की हत्या करने के बाद कश्मीरी पंडितों में भारी आक्रोश है। राहुल की हत्या के विरोध में 350 सरकारी कर्मचारियों ने अपना इस्तीफा दे दिया। सभी कर्मचारियों ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को अपना इस्तीफा भेजा है। इस्तीफा देने वाले सभी लोग प्रधानमंत्री पैकेज के कर्मचारी हैं। सभी कर्मचारियों का कहना है कि राहुल भट्ट की हत्या के बाद वे खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। ये सभी कर्मचारी लाल चौक पर आंदोलन करेंगे।>>*IBC24 News Channel के WhatsApp  ग्रुप से जुड़ने के लिए Click करें*<<

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हिरासत में 8 लोग, चार लोग हुए घायल

इससे पहले राहुल भट्ट की हत्या का विरोध करते हुए कश्मीरी पंडितों ने आज सुबह जम्मू-अखनूर पुराने हाई-वे को जाम कर दिया था। सभी लोगों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के विरोध में जमकर नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस ने 8 लोगों को हिरासत में लिया और लाठी चार्ज में चार लोग जख्मी भी हो गए थे। विरोध के दौरान प्रदर्शनकारियों को एयरपोर्ट की तरफ जाने से रोकने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले भी दागे।

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उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने किया ट्वीट

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने ट्विटर पर लिखा कि राहुल भट्ट के परिजनों से मुलाकात की। मैंने उनके परिवार को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। सरकार दुख की इस घड़ी में राहुल के परिवार के साथ है। आतंकवादियों और उनके समर्थकों को उनके इस अपराध के लिए बहुत बड़ी कीमत चुकानी पड़ेगी।

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भाजपा नेताओं को झेलना पड़ा विरोध

बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष रविंदर रैना और जम्मू कश्मीर के पूर्व डिप्टी सीएम कवींद्र गुप्ता राहुल भट्ट की अंतिम यात्रा में शामिल होने पहुंचे थे। इस दौरान कश्मीरी पंडितों ने उनका जमकर विरोध किया। लोगों ने दोनों नेताओं को घेरकर जमकर नारेबाजी की।

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असुरक्षित महसूस कर रहे थे राहुल

राहुल भट्ट की पत्नी मीनाक्षी ने बताया कि चडूरा में राहुल असुरक्षित महसूस कर रहे थे। वह दो साल से स्थानीय प्रशासन से हेडक्वाटर भेजने की अपील कर रहे थे। मीनाक्षी ने बताया कि जब कश्मीर में दो टीचर्स की हत्या हुई थी, तब भी राहुल ने सुरक्षा की बात कहकर ट्रांसफर मांगा था, लेकिन उनका ट्रांसफर नहीं किया गया।

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दो दिन में मारे जाने चाहिए हत्यारे

मीनाक्षी ने आगे कहा कि, आतंकी सरकार की जिद का बदला हमसे ले रहे हैं। राहुल के हत्यारे दो दिन में मारे जाने चाहिए। उन्होंने बताया कि आर्मी ने कहा है कि हम दो दिन में आतंकियों को घसीट कर मारेंगे, लेकिन ये लोग पहले ही इन आतंकियों को क्यों नहीं मारते। \

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पीएम मोदी और गृहमंत्री शाह पर लगाए आरोप

मीनाक्षी ने पीएम मोदी और गृहमंत्री शाह पर अपनी राजनीति के लिए कश्मीरी पंडितों को बली का बकरा बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा मैं उन्हें चुनौती देती हूं कि वे कश्मीर आएं और बिना सुरक्षा के घूमकर दिखाएं। कश्मीरी पंडित प्रताड़ित किए जा रहे हैं और पूरा देश शांत है। उन्होंने बताया कि कश्मीर में हालत बहुत खराब है।