सपा तो प्रधानमंत्री बनाने का सपना देख रही थी, लेकिन वह दबाव में बोल रहीं:अखिलेश का मायावती पर पलटवार

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सपा तो प्रधानमंत्री बनाने का सपना देख रही थी, लेकिन वह दबाव में बोल रहीं:अखिलेश का मायावती पर पलटवार

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  • Publish Date - January 16, 2024 / 08:13 PM IST,
    Updated On - January 16, 2024 / 08:13 PM IST

बाराबंकी/लखनऊ, 16 जनवरी (भाषा) समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की प्रमुख मायावती के ‘गिरगिट’ वाले बयान पर मंगलवार को पलटवार करते हुए कहा कि उनकी पार्टी तो उनको (मायावती को) प्रधानमंत्री बनाने का सपना देख रही थी, लेकिन शायद किसी दबाव की वजह से वह ऐसी भाषा बोल रही हैं।

यादव ने मंगलवार को बाराबंकी के सिरौलीगौसपुर तहसील स्थित कस्बा बदोसराय में पूर्व विधायक अशर्फी लाल यादव की पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा को संबोधित किया।

इसके बाद पत्रकारों ने जब बसपा प्रमुख मायावती के ‘गिरगिट’ वाले बयान के बारे में अखिलेश यादव से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि समाजवादियों ने तो सम्मान देने का काम किया है।

यादव ने वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा-बसपा गठबंधन की ओर इशारा करते हुए कहा, ” मुझे तो वह भी समय याद है, जब समाजवादियों ने संकल्प लिया था कि देश का प्रधानमंत्री उस वर्ग से हो, जिन्होंने हजारों साल समाज की तमाम बुराइयों का सामना किया है। याद कीजिए समाजवादी पार्टी तो उनको (मायावती को) प्रधानमंत्री बनाने का सपना देख रही थी और हम लोगों ने उस पर काम भी किया।”

उन्होंने कहा, ”समाजवादी लोग उनको देश के प्रधानमंत्री पद तक पहुंचाने में लगे थे, लेकिन ये जो भाषा है…वह इसलिए ऐसा कह रही होंगी कि शायद उन पर दबाव कहीं से है, दबाव की वजह से ऐसी बात कह रही होंगी।’’

उल्लेखनीय है कि बसपा प्रमुख मायावती ने सोमवार को लखनऊ में अपने जन्मदिन के मौके पर पत्रकारों से कहा था कि हाल ही में विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ को लेकर जिस प्रकार सपा प्रमुख (अखिलेश यादव) ने एक सोची-समझी रणनीति के तहत बसपा के लोगों को गुमराह करने के उद्देश्य से उनके प्रति ‘गिरगिट’ की तरह अपना रंग बदला है और इससे पार्टी के लोगों को सावधान रहना है।

सपा प्रमुख ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तंज कसते हुए कहा, ‘‘भाजपा भगवान की वजह से थोड़ा बहुत कामयाब है, लेकिन इस बार भगवान जनता के साथ हैं और हमारे लिए तो पीडीए भगवान है। पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक, आधी आबादी, अगड़ा) हमारे साथ हैं।” यादव ने दावा किया कि पीडीए के लोग ही भाजपा को उप्र से हटाएंगे।

अखिलेश यादव ने आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा के लोग अपने लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए आम जनता पर महंगाई का बोझ डाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले योग देखा था जिसमें योगी योग नहीं कर पा रहे थे।

यादव ने कहा कि दिल्ली से लखनऊ को जोड़ने वाला हाईवे ऐतिहासिक हाईवे है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सड़कों के नाम पर भ्रष्टाचार कर रही है और पूर्वांचल एक्सप्रेस के निर्माण में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया।

इसके पहले सभा को संबोधित करते हुए कहा कि यादव ने कहा, ‘‘2024 नया साल ही नहीं परिवर्तन का साल है। 2014 में आये लोगों को 2024 में हटाने का समय आ गया है। दिल्ली की सत्ता में बैठी सरकार ने 10 साल में गरीबों और किसानों पर अत्याचार किया। विकसित भारत और विश्व गुरु बनाने की बात करके किसानों को ठगने का काम कर रहे हैं।’’

उन्होंने कहा कि देश तभी विकसित होगा जब किसानों को फसल का उचित मूल्य मिलेगा। यादव ने कहा कि 2024 का चुनाव केवल हार-जीत का नहीं बल्कि युवा पीढ़ी के भविष्य को निर्धारित करने वाला चुनाव है, इसलिए इसे अपना चुनाव समझकर लड़ें।

भाषा सं आनन्द राजकुमार संतोष

संतोष