नयी दिल्ली, 31 अगस्त (भाषा) बम रखे होने की फर्जी सूचना फैलाने वालों और महिलाओं तथा बच्चों के खिलाफ होने वाले ऑनलाइन अपराधों की जांच के लिए दिल्ली पुलिस के नवनिर्मित दिल्ली साइबर अपराध समन्वय केंद्र (डी 4सी) में विशिष्ट प्रकोष्ठ बनाए जाएंगे। एक सरकारी अधिसूचना में यह जानकारी दी गई है।
राष्ट्रीय राजधानी में पिछले कई महीनों के दौरान सरकारी कार्यालयों, स्कूलों और अदालतों को बम से उड़ाने की कई फर्जी धमकियां मिली हैं, लेकिन उनके भेजने वालों की पहचान के बारे में बहुत कम या कोई सुराग नहीं मिल सका है।
अधिसूचना में कहा गया है कि ‘हॉक्स बम ई-मेल जांच सेल’ वीपीएन, गुमनामी तकनीकों, ‘स्पूफ्ड’ या अनाम ईमेल और बम की झूठी धमकियों से जुड़े अपराधों की जांच करेगा।
यह प्रकोष्ठ तकनीकी पहचान या सत्यापन, डिजिटल साक्ष्य एकत्र करने और दूरसंचार ऑपरेटरों, इंटरनेट मध्यस्थों व ईमेल सेवा प्रदाताओं के साथ समन्वय पर ध्यान केंद्रित करेगा।
‘डी 4सी’ में महिलाओं और बच्चों को प्रभावित करने वाले प्रौद्योगिकी-आधारित अपराधों की रोकथाम, पहचान और समन्वित कार्रवाई के लिए महिलाओं और बच्चों के खिलाफ ऑनलाइन अपराध (ओसीडब्लूसी) शाखा भी होगी।
यह शाखा शिकायतों की निगरानी करेगी और संगठित ऑनलाइन यौन शोषण नेटवर्क, बार-बार अपराध करने वालों और साइबर ‘हॉटस्पॉट’ पर कार्रवाई योग्य खुफिया जानकारी तैयार करेगी।
भाषा नोमान वैभव
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