Telegram Ban India 2026 : 15 करोड़ भारतीयों को लगा बड़ा झटका! इस वजह से भारत में बैन किया गया टेलीग्राम, जानिए कब शुरू होगा दोबारा संचालन

NEET-UG पुनर्परीक्षा से पहले सरकार ने पेपर लीक और ऑनलाइन गड़बड़ियों को रोकने के लिए Telegram पर 22 जून तक अस्थायी रोक लगा दी है। इसके बाद Google Play Store से भी ऐप हटाया गया है। Telegram के CEO पावेल दुरोव ने इस फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि अपराधी दूसरे प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर सकते हैं, इसलिए यह स्थायी समाधान नहीं है।

Telegram Ban India 2026 : 15 करोड़ भारतीयों को लगा बड़ा झटका! इस वजह से भारत में बैन किया गया टेलीग्राम, जानिए कब शुरू होगा दोबारा संचालन

Telegram Ban India 2026

Modified Date: June 16, 2026 / 11:07 pm IST
Published Date: June 16, 2026 11:07 pm IST
HIGHLIGHTS
  • NEET-UG पुनर्परीक्षा से पहले Telegram पर 22 जून तक अस्थायी रोक लगाई गई।
  • सरकार ने पेपर लीक और गलत सूचनाओं पर रोक लगाने के लिए यह कदम उठाया।
  • elegram CEO Pavel Durov ने फैसले पर सवाल उठाते हुए कहा कि इससे समस्या खत्म नहीं होगी।

नई दिल्ली : मेडिकल प्रवेश परीक्षा में पेपर लीक एवं अन्य गड़बड़ियां रोकने के लिए सरकार के आदेश पर मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम पर अस्थायी रोक लगा दी गई है। मंच के संस्थापक एवं सीईओ पावेल दुरोव ने इसे अनुचित बताते हुए कहा कि इससे समस्या खत्म नहीं होगी क्योंकि अपराधी दूसरे मंचों का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह बयान ऐसे समय आया है जब परीक्षा संबंधी अनियमितताओं को रोकने के लिए सरकार से आदेश मिलने के बाद गूगल ने अपने प्ले स्टोर से टेलीग्राम ऐप को हटा दिया है। सूत्रों के अनुसार, एप्पल भी जल्द इस आदेश का पालन कर सकती है।

22 जून तक टेलीग्राम पर अस्थायी रोक

दुरोव ने मंगलवार को एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि भारत में लगभग 15 करोड़ उपयोगकर्ताओं पर यह रोक असर डाल रही है, जबकि वास्तविक समस्या के जिम्मेदार लोग अब भी सक्रिय रहेंगे। उन्होंने कहा कि इस तरह की कार्रवाई से समस्या खत्म नहीं होती, बल्कि यह दूसरे ऐप पर स्थानांतरित हो जाती है। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) द्वारा आयोजित नीट-यूजी की पुनर्परीक्षा 21 जून को होनी है। इसको ध्यान में रखते हुए सरकार ने 22 जून तक टेलीग्राम पर अस्थायी रोक लगाने का निर्देश दिया है।

सभी जरूरी कार्रवाई की जाएगी

इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 69ए के तहत यह आदेश जारी किया है। इसके तहत ऑनलाइन मंच को सीमित अवधि के लिए प्रतिबंधित किया गया है। एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह ने कहा कि यह कदम परीक्षा को निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से कराने के उद्देश्य से उठाया गया है और किसी भी तरह की अनियमितता को रोकने के लिए सभी जरूरी कार्रवाई की जाएगी।

अस्थायी रूप से रोका जाए

सूत्रों के अनुसार, सरकार टेलीग्राम के साथ इस बात पर भी चर्चा कर रही है कि संदेश संपादन सुविधा को अस्थायी रूप से रोका जाए, ताकि परीक्षा से जुड़ी गलत सूचनाओं और फर्जी पेपर लीक सामग्री के प्रसार पर रोक लग सके। डिजिटल अधिकार संगठनों ने इस कदम की आलोचना करते हुए कहा है कि यह समस्या का स्थायी समाधान नहीं है और इससे आम उपयोगकर्ताओं पर भी असर पड़ता है।

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लेखक के बारे में

I’m Sneha Singh, a journalist and storyteller committed to ethical, ground-level, and impact-oriented reporting. A Gold Medalist in Journalism And Mass Communication, I believe in telling stories with accuracy, sensitivity, and purpose. Currently working with IBC24, I specialize in content writing, news production, and modern storytelling bridging facts with human experiences to inform, engage, and inspire audiences..