नयी दिल्ली, 16 अप्रैल (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को लोकसभा में सभी राजनीतिक दलों से महिला आरक्षण अधिनियम संबंधी संविधान संशोधन विधेयक का समर्थन करने की अपील करते हुए कहा कि इसे राजनीतिक रंग देने की जरूरत नहीं है और जो भी इसका विरोध करेंगे उन्हें लंबे समय तक इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।
उन्होंने महिला आरक्षण अधिनियम से संबंधित ‘संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026’, ‘परिसीमन विधेयक, 2026’ और ‘संघ राज्य विधि (संशोधन) विधेयक, 2026’ पर यह भी कहा कि इस विषय को राजनीति के तराजू से नहीं तौलना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘राष्ट्र के जीवन में कुछ महत्वपूर्ण पल आते हैं और उस समय समाज की मन:स्थिति और नेतृत्व क्षमता उस पल को ‘कैप्चर’ करके एक राष्ट्र की अमानत और धरोहर बना देती है। संसदीय इतिहास में आज ऐसा ही एक पल है।’’
मोदी ने कहा, ‘‘…महिला को मिलने वाले अधिकार का जिस-जिस ने विरोध किया, महिलाओं ने उन्हें माफ नहीं किया, उनका बुरा हाल हुआ। 2024 के चुनाव में यह नहीं हुआ, क्योंकि (2023 में) सबने मिलकर इसे पारित किया था।’’
उन्होंने कहा कि जिन्हें इसमें राजनीतिक बू आ रही है, वे पहले के परिणामों को देख लें। उन्होंने कहा, ‘‘मैं समझता हूं कि इसे राजनीतिक रंग देने की जरूरत नहीं है।’’
मोदी ने कहा, ‘‘….जो विरोध करेंगे उन्हें लंबे समय तक इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।’’
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