कर्नाटक में राजनीतिक दलों के शीर्ष नेता आपस में मिले हुए हैं: यतनाल

Ads

कर्नाटक में राजनीतिक दलों के शीर्ष नेता आपस में मिले हुए हैं: यतनाल

  •  
  • Publish Date - May 6, 2022 / 04:33 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:56 PM IST

बेलगावी (कर्नाटक), छह मई (भाषा) भारतीय जनता पार्टी के मुखर नेता बसनगौड़ा पाटिल यतनाल ने शुक्रवार को कर्नाटक के विभिन्न राजनीतिक दलों के शीर्ष नेताओं पर निशाना साधते हुए उन पर ‘समायोजन की राजनीति’ करने तथा एक-दूसरे का पक्ष लेने का आरोप लगाया। इस क्रम में उन्होंने भाजपा के बी. एस. येदियुरप्पा, कांग्रेस के सिद्धरमैया और डी. के. शिवकुमार तथा जद (एस) के एच. डी. कुमारस्वामी जैसे नेताओं को आड़े हाथ लिया।

विजयपुरा सिटी से विधायक यतनाल ने कहा कि वरिष्ठ नेता एक-दूसरे का पक्ष लेते हैं, चाहे सत्ता में कोई भी पार्टी हो। उन्होंने आरोप लगाया कि कि इन नेताओं में से कुछ अलग-अलग दलों के हैं लेकिन उनके बीच ‘‘समायोजन’’ है।

यतनाल ने कहा, ‘‘… भाजपा के एक बड़े नेता (येदियुरप्पा), डी. के. शिवकुमार, कुमारस्वामी इन सभी लोगों के बीच समायोजन है। मैंने विधानसभा में भी कहा है कि सदन में अगली पंक्ति में बैठे आप सभी नेताओं के बीच समायोजन है। आप सभी- येदियुरप्पा, सिद्धरमैया, शिवकुमार, कुमारस्वामी रात में बातचीत करते हैं।’

उन्होंने यहां संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि उनके जैसे विधायक जो सदन में पीछे बैठते हैं, ‘मूर्खों की तरह अपने-अपने पार्टी नेताओं के बारे में बात करते हैं, उन्हें काफी सम्मान देते हैं।’

यतनाल ने कहा, ‘‘मैंने उनसे अपनी ड्रामा कंपनी बंद करने को कहा है। जब येदियुरप्पा मुख्यमंत्री थे, शिकारीपुरा (येदियुरप्पा का निर्वाचन क्षेत्र) के बाद सबसे अधिक विकास अनुदान बादामी (सिद्धरमैया के क्षेत्र) को दिया गया। उसके बाद यह शिवकुमार को मिला। हम, भाजपा विधायक सिर्फ हाथ उठाने के लिए निर्वाचित नहीं हुए हैं… यह मुद्दा उठाने के बाद बोम्मई ने बतौर मुख्यमंत्री मेरे निर्वाचन क्षेत्र को 500 करोड़ रुपये दिए।’

येदियुरप्पा के मुखर आलोचक यतनाल उन शुरुआती लोगों में थे जिन्होंने येदियुरप्पा के मुख्यमंत्री पद से हटने की बात की थी।

भाषा अविनाश नेत्रपाल

नेत्रपाल