जनजातीय युवाओं को बदलाव के लिए मानसिक रूप से तैयार रहना चाहिए : राष्टूपति मुर्मू

जनजातीय युवाओं को बदलाव के लिए मानसिक रूप से तैयार रहना चाहिए : राष्टूपति मुर्मू

जनजातीय युवाओं को बदलाव के लिए मानसिक रूप से तैयार रहना चाहिए : राष्टूपति मुर्मू
Modified Date: June 30, 2026 / 05:38 pm IST
Published Date: June 30, 2026 5:38 pm IST

(तस्वीर के साथ)

विशाखापत्तनम, 30 जून (भाषा) राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार को कहा कि देश के जनजातीय युवाओं को सरकारी प्रयासों की मदद से सामाजिक-आर्थिक और शैक्षिक स्थितियों में बदलाव लाने और विकास करने के लिए मानसिक रूप से तैयार होना चाहिए।

राष्ट्रपति ने यहां आंध्र प्रदेश केंद्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय के पहले दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि स्नातक की उपाधिक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को देश की प्रगति में योगदान देना होगा, जहां विकास समान हो और कोई भी पीछे न छूटे।

उन्होंने कहा, ‘‘आज सरकार आदिवासी और जनजाति समुदायों से जुड़े लोगों को आगे लाने की कोशिश कर रही है। लेकिन हमारी क्या जिम्मेदारी है? सरकार से इतनी मदद मिलने के क्या परिणाम होंगे ? इसीलिए, आज से ही हमें मानसिक रूप से तैयार होना होगा। केवल अपने लिए नहीं, बल्कि समाज के लिए; समाज, शिक्षा, संस्कृति, परंपरा और अर्थव्यवस्था को बदलने और समाज को आगे ले जाने के लिए।’’

राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा, ‘‘हमें सरकार की कोशिशों को हकीकत में बदलना होगा।’’

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और आंध्र प्रदेश के मानव संसाधान विकास मंत्री नारा लोकेश ने भी इस कार्यक्रम को संबोधित किया।

भाषा धीरज नरेश

नरेश


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