उत्तरकाशी में दो तेंदुए पिंजरे में हुए कैद

उत्तरकाशी में दो तेंदुए पिंजरे में हुए कैद

उत्तरकाशी में दो तेंदुए पिंजरे में हुए कैद
Modified Date: May 26, 2023 / 06:48 pm IST
Published Date: May 26, 2023 6:48 pm IST

उत्तरकाशी (उत्तराखंड), 26 मई (भाषा) उत्तरकाशी जिले में दो अलग-अलग घटनाओं में दो तेंदुए पिंजरे में कैद कर लिए गए जिससे उनकी दहशत से परेशान लोगों ने राहत की सांस ली।

धरासू के वन रेंज अधिकारी नागेंद्र रावत ने बताया कि दिचली क्षेत्र के ग्राम बड़ी मणि में करीब एक पखवाड़ा पहले एक महिला पर हमला करने वाला आदमखोर तेंदुआ बृहस्पतिवार रात को वन विभाग के पिंजरे में कैद हो गया।

उन्होंने बताया कि तेंदुए को पिंजरे में कैद करने के लिए एक मृत कुत्ते का उपयोग किया गया जिसे खाने के लालच में वह फंस गया। उन्होंने बताया कि तेरह मई को तेंदुए ने सुनीता पर हमला किया था और तभी से वन विभाग पिंजरा लगाकर उसे पकड़ने का प्रयास कर रहा था।

वन अधिकारी ने बताया कि जल्द ही तेंदुए को हरिद्वार ले जाकर उसकी प्रवृति का आंकलन किया जाएगा जिसके बाद उसे वहीं छोड़ दिया जायेगा।

हांलांकि, ग्रामीण पिंजरे को वन विभाग को नहीं ले जाने दे रहे हैं और उनकी मांग है कि आदमखोर तेंदुए को उनके सामने शिकारी द्वारा मारा जाना चाहिए।

एक अन्य घटना में, डुंडा क्षेत्र के धारकोट गांव के एक मकान के एक कमरे में तेंदुआ घुस गया जिसे एक महिला ने बाहर से कुंडी लगाकर बंद कर दिया।

रावत ने बताया कि सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पिंजरा लगाकर तेंदुए को पकड़ लिया। उन्होंने बताया कि तेंदुए की उम्र छह से सात माह है।

इस बीच, धरासू क्षेत्र के मल्ली गांव के धारे (प्राकृतिक स्रोत) में शुक्रवार सुबह पानी भरने गए एक ग्रामीण चंद्रमणी थपलियाल को तेंदुए ने हमला करके घायल कर दिया।

वन विभाग के सूत्रों ने बताया कि वहां मौजूद अन्य ग्रामीणों ने हो—हल्ला मचाकर किसी तरह से तेंदुए को भगाया।

ग्रामीणों ने कहा कि बड़ी मणि गांव में आदमखोर तेंदुए के पिंजरे में कैद होने के बाद मल्ली गांव में ग्रामीण पर हमला होना यह दिखाता है कि क्षेत्र में नरभक्षी तेंदुओं की संख्या एक से ज्यादा है। उन्होंने वन विभाग से उस तेंदुए को भी पकड़ने की मांग की है।

भाषा सं दीप्ति दीप्ति अमित

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