नयी दिल्ली, तीन मई (भाषा) स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) के अधीन कार्यरत एक जांच अधिकारी और एक सहायक निदेशक को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के एक आरक्षी की हिरासत में मौत होने के बाद निलंबित कर दिया गया है। सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी।
सूत्रों के अनुसार, यह ‘‘दुर्भाग्यपूर्ण घटना’’ बीएसएफ आरक्षी जसविंदर सिंह से जुड़ी है, जिनकी 19-20 मार्च की रात ‘पल्स अस्पताल’ में इलाज के दौरान दो बार दिल का दौरा पड़ने के बाद हृदय गति रुकने से मौत हो गई थी।
सिंह को एनसीबी ने जम्मू से गिरफ्तार किया था और अमृतसर में दर्ज एक मामले से जुड़ी जांच के सिलसिले में उसे पंजाब के अमृतसर ले जाया जा रहा था। जम्मू में स्वापक औषधि और मन:प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम मामलों के विशेष न्यायाधीश ने उसे हिरासत में भेजा था।
सूत्रों ने कहा कि एनसीबी की जांच से संकेत मिला था कि सिंह पाकिस्तान से जुड़े गुर्गों के दो नंबरों के माध्यम से संपर्क में था। उन्होंने बताया कि सिंह का एक अन्य रिश्तेदार बीएसएफ में आरक्षी है और उसे भी एनसीबी के दो मामलों एवं मादक पदार्थों से संबंधित पंजाब पुलिस के चार मामलों में गिरफ्तार किया गया है।
सूत्रों ने बताया कि जम्मू से ले जाए जाते समय सिंह को सीने में तेज दर्द होने लगा और पानी पीने के बाद उनकी हालत कुछ समय के लिए सुधरी।
उन्होंने कहा कि एनसीबी का दल 19 मार्च को रात करीब साढ़े नौ बजे अमृतसर पहुंचा, लेकिन करीब पौने दस बजे सिंह को सीने में फिर दर्द हुआ और उसे रात करीब 10 बजे पल्स अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सूत्रों ने बताया कि उसे दो बार हृदयाघात हुआ और 20 मार्च को तड़के चार बजे हृदय गति रुकने से उसकी मौत हो गई।
हिरासत में मौत के मामलों को लेकर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) के दिशानिर्देशों का पालन किया जा रहा है तथा तीन चिकित्सकों की टीम ने पोस्टमार्टम किया है और मजिस्ट्रेट जांच के साथ-साथ मामले की जांच जारी है।
सूत्रों ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, जांच निष्कर्षों और मजिस्ट्रेट जांच के परिणाम के आधार पर राज्य पुलिस इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगी।
इस मामले की सूचना एनएचआरसी को दी गई है, जिसने रिपोर्ट मांगी है और वह निष्कर्षों के आधार पर कार्रवाई करेगा। जम्मू पुलिस ने मामले में ‘जीरो’ प्राथमिकी दर्ज की है।
सूत्रों के अनुसार, आरक्षी के परिवार ने इस घटना के बारे में सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा की है और इसमें शामिल एनसीबी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
मामले की सुनवाई पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय में भी जारी है।
एक सूत्र ने कहा, ‘‘संबंधित जांच अधिकारी और सहायक निदेशक को निलंबित कर दिया गया है।’’
सिंह को एनसीबी ने तीन मार्च को पूछताछ के लिए कथित तौर पर पकड़ा था।
जम्मू में रहने वाली सिंह की मां गुरमीत कौर ने पत्रकारों को बताया था कि उनका बेटा छुट्टी मनाने घर आया था, जिसके बाद एनसीबी की जम्मू इकाई उसे तीन मार्च को अपने साथ ले गई। उन्होंने बताया कि परिवार को 20 मार्च को उसके स्वास्थ्य बिगड़ने की जानकारी दी गई, लेकिन उसे हिरासत में लिए जाने के कारणों के बारे में नहीं बताया गया।
उन्होंने कहा था, ‘‘हम इस मामले में न्याय चाहते हैं।’’
भाषा
सिम्मी सुरेश
सुरेश