नोएडा (उप्र), आठ जनवरी (भाषा) उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव के पहले चरण में केंद्र सरकार की ओर से राज्य को केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की कुल 150 कंपनियां उपलब्ध कराई जाएंगी। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 50 और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) तथा सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की 30-30 कंपनियां राज्य में भेजी जाएंगी।
इसके अलावा केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) और भारत तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की 20-20 कंपनियां उपलब्ध कराई जाएंगी। सीएपीएफ की एक कंपनी में आमतौर पर लगभग सौ कर्मी होते हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि पारदर्शी और प्रभावी ढंग से चुनाव कराने के उद्देश्य से पहले चरण के लिए केंद्र सरकार द्वारा 10 जनवरी से 150 कंपनियां भेजी जाएंगी।
अधिकारी ने कहा, “सीएपीएफ की इन कंपनियों को संवेदनशीलता और आवश्यकता के अनुसार, उत्तर प्रदेश के 78 जिलों और आयुक्तालयों को आवंटित किया जा रहा है। लखनऊ पुलिस मुख्यालय द्वारा जिलों को निर्देश जारी किया गया है कि क्षेत्र में फ्लैग मार्च करें और विधानसभा चुनाव के लिए स्थानीय पुलिस से संपर्क स्थापित करें।”
अधिकारियों के अनुसार, प्रथम चरण के लिए उत्तर प्रदेश के सभी जिलों में से प्रयागराज को सीआरपीएफ की सर्वाधिक चार कंपनियां मिली हैं। राज्य के चार जिलों में पुलिस की आयुक्तालय प्रणाली लागू है। इनमें से लखनऊ, कानपुर और वाराणसी को तीन-तीन जबकि गौतम बुद्ध नगर को दो कंपनियां दी गई हैं।
उत्तर प्रदेश के 25 जिलों को सीएपीएफ की एक-एक कंपनी दी गई है जबकि 35 जिलों को दो-दो, 17 को तीन-तीन और एक को चार कंपनियां उपलब्ध कराई गई हैं।
भाषा यश उमा
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