Vande Mataram Insults Punishable: ‘वंदे मातरम्’ का अपमान पड़ेगा भारी, होगी जेल की सजा और तगड़ा जुर्माना!.. मोदी सरकार कर रही है ये बड़ी प्लानिंग, आप भी जानें

Ads

Vande Mataram Insults Punishable Bill in Parliament: संसद में प्रस्तावित विधेयक से ‘वंदे मातरम्’ के अपमान को दंडनीय बनाने और कानूनी संरक्षण देने की तैयारी।

  •  
  • Publish Date - July 17, 2026 / 04:02 PM IST,
    Updated On - July 17, 2026 / 04:08 PM IST

Vande Mataram Insults Punishable Bill in Parliament || Image- The Statesman File

HIGHLIGHTS
  • ‘वंदे मातरम्’ अपमान पर प्रस्तावित सख्त कानून।
  • संसद में संशोधन विधेयक होगा पेश।
  • राष्ट्रीय गीत को मिलेगा कानूनी संरक्षण।

नई दिल्ली: 20 जुलाई से शुरू हो रहे संसद के सत्र में केंद्र सरकार ‘प्रिवेंशन ऑफ इंसल्ट्स टू नेशनल ऑनर (संशोधन) विधेयक’ लोकसभा में पेश करेगी। (Vande Mataram Insults Punishable Bill in Parliament) इस विधेयक के कानून बनने के बाद ‘वंदे मातरम्’ का अपमान करने या इसके गायन में बाधा डालने को दंडनीय अपराध बनाया जाएगा।

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़े

‘वंदे मातरम्’ को मिलेगा कानूनी संरक्षण

प्रस्तावित संशोधन के तहत ‘वंदे मातरम्’ को राष्ट्रीय ध्वज, राष्ट्रीय गान और संविधान की तरह कानूनी संरक्षण देने की तैयारी है। यदि यह विधेयक लोकसभा और राज्यसभा से पारित हो जाता है, तो राष्ट्रीय गीत का अपमान करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकेगी। इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्रालय ने दिशा-निर्देश जारी कर कहा था कि जिन सरकारी कार्यक्रमों में ‘जन गण मन’ बजाया या गाया जाता है, वहां ‘वंदे मातरम्’ का गायन या वादन भी अनिवार्य होगा।

जन्म-मृत्यु पंजीकरण के नियम भी होंगे सख्त

संसद में जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक भी पेश किया जाएगा। प्रस्ताव के मुताबिक, अगर जन्म या मृत्यु की सूचना दो वर्ष से अधिक की देरी से दी जाती है, तो उसका पंजीकरण अब केवल प्रथम श्रेणी के न्यायिक मजिस्ट्रेट के आदेश पर ही हो सकेगा। (Vande Mataram Insults Punishable Bill in Parliament) अभी यह अधिकार जिला मजिस्ट्रेट (DM), एसडीएम या कार्यपालक मजिस्ट्रेट के पास है।

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे Instagram Page को Follow करें

सुप्रीम कोर्ट के जजों की संख्या बढ़ाने वाला विधेयक भी सूची में

संसद में सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) संशोधन विधेयक भी पेश किया जाएगा। इसके जरिए सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों की संख्या 33 से बढ़ाकर 37 करने वाले अध्यादेश को संसद की मंजूरी दिलाई जाएगी। इसके अलावा, विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक (FCRA Amendment Bill) और उच्च शिक्षा व्यवस्था में बदलाव से जुड़े ‘विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक’ पर भी संसद में चर्चा और आगे की प्रक्रिया होने की संभावना है। वहीं, महिला आरक्षण लागू करने और परिसीमन से जुड़े विधेयक का इस सूची में फिलहाल उल्लेख नहीं किया गया है।

कांग्रेस का भाजपा पर निशाना

संसद के आने वाले सत्र में पेश होने वाले प्रस्तावित ‘वंदे मातरम बिल’ पर कांग्रेस के राज्य अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल प्रतिक्रिया दी हैं। उन्होंने कहा कि, “वंदे मातरम आज़ादी का गीत है। कई स्वतंत्रता सेनानियों ने ‘वंदे मातरम’ गाते हुए गोलियां और लाठीचार्ज का सामना किया और फांसी तक चढ़ गए। कांग्रेस के लिए वंदे मातरम एक मंत्र था और कांग्रेस के हर सत्र की शुरुआत में यही वंदे मातरम गाया जाता था। इतना ही नहीं, व्यवस्था बनाते समय पंडित जवाहरलाल नेहरू ने यह पक्का किया कि संसद हो या विधानसभा, हर सदन में सत्र की शुरुआत में वंदे मातरम पूरे सम्मान के साथ गाया जाए। इसलिए, हमारे देश की विरासत वंदे मातरम से गहराई से जुड़ी हुई है।”

उन्होंने आगे कहा कि, “मुझे हैरानी है कि भारतीय जनता पार्टी, जिसने कभी वंदे मातरम गीत नहीं गाया, और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, जो हमेशा वंदे मातरम से दूर भागता रहा आज वही पार्टी और वही विचारधारा वंदे मातरम को अपना रही है। (Vande Mataram Insults Punishable Bill in Parliament) तो, ‘देर आए दुरुस्त आए’, मैं कम से कम इतना कहकर उन्हें बधाई दूंगा।”

इन्हें भी पढ़ें:

पाकिस्तान, चीन के विदेश मंत्रियों ने शंघाई में एआई, व्यापार एवं निवेश संबंधों पर की चर्चा

जेएसडब्ल्यू स्टील का जून तिमाही में शुद्ध लाभ दोगुने से अधिक होकर 4,696 करोड़ रुपये पर

अदालत के आदेश के बाद योग महासंघ मान्यता के लिए आईओए और मंत्रालय से संपर्क करेगा

अंडर-23 विश्व चैंपियनशिप की पदक विजेता हंसिका ने बुडापेस्ट रैंकिंग सीरीज में रजत पदक जीता

प्रधानमंत्री मोदी ने चंडीगढ़ में 4,700 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया

प्रस्तावित विधेयक में क्या प्रावधान है?

विधेयक पारित होने पर ‘वंदे मातरम्’ का अपमान और उसके गायन में बाधा दंडनीय अपराध बन सकता है।

क्या यह कानून अभी लागू हो गया है?

नहीं, फिलहाल यह एक प्रस्तावित विधेयक है, जिसे संसद की मंजूरी मिलना बाकी है।

इस विधेयक का उद्देश्य क्या है?

राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ को राष्ट्रीय ध्वज, राष्ट्रीय गान और संविधान जैसी कानूनी सुरक्षा प्रदान करना।