देहरादून, 17 जनवरी (भाषा) उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने शनिवार को उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल बी.सी. खंडूरी (सेवानिवृत्त) से मुलाकात की और उनका कुशलक्षेम पूछा।
यहां खंडूरी के आवास पर हुई यह मुलाकात भले ही पूर्व निर्धारित नहीं थी, लेकिन इस दौरान दोनों नेताओं के बीच गहरे व्यक्तिगत संबंध और लंबे समय से उनका जुड़ाव साफ दिखा। दशकों की जनसेवा के दौरान विकसित हुए आपसी सम्मान और सौहार्द ने इस मुलाकात को और भी खास बना दिया।
राजनीति में प्रवेश करने से पहले 91 वर्षीय खंडूरी सेना के एक प्रतिष्ठित अधिकारी रह चुके हैं जहां उन्होंने तीन दशकों से अधिक समय तक पूरी निष्ठा और सम्मान के साथ देश की सेवा की। सार्वजनिक जीवन में आने के बाद वह दो बार उत्तराखंड के मुख्यमंत्री रहे और दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में मंत्री के रूप में अहम जिम्मेदारी संभाली।
मुलाकात के दौरान उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने लोकसभा सदस्य के रूप में खंडूरी के साथ बिताए पुराने दिनों को याद किया। उन्होंने संसद में खंडूरी के साथ काम करने की मधुर यादें साझा करते हुए कहा कि सांसद रहते हुए उन्होंने तत्कालीन केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री खंडूरी से तमिलनाडु की कुछ महत्वपूर्ण राज्य राजमार्गों को राष्ट्रीय राजमार्ग में परिवर्तित करने का अनुरोध किया था, जिसे उन्होंने तत्परता से स्वीकार कर लिया था।
उपराष्ट्रपति ने खंडूरी के दूरदर्शी निर्णयों के लिए उनका आभार व्यक्त किया तथा कहा कि कैसे सड़कों के विस्तार ने तमिलनाडु के औद्योगिक परिदृश्य को बदल दिया। उपराष्ट्रपति ने मेजर जनरल खंडूरी के समर्थन और उनकी दूरदर्शिता की सराहना करते हुए कहा कि उनके द्वारा किए गए सड़क सुधारों ने ही कोयंबटूर क्षेत्र को एक बड़े औद्योगिक केंद्र के रूप में उभरने में मदद की।
खंडूरी से मुलाकात के दौरान उपराष्ट्रपति के साथ राज्यपाल ले. जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी मौजूद रहे।
राधाकृष्णन यहां एक कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। उपराष्ट्रपति बनने के बाद यह उत्तराखंड का उनका पहला दौरा है।
इससे पहले, यहां के निकट जौलीग्रांट हवाई अड्डे पर पहुंचने पर उनका राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने स्वागत किया।
भाषा दीप्ति सुरभि
सुरभि