वांगचुक अनशन समाप्त करें, उनकी चिंताएं हमारी भी चिंताए हैं: कांग्रेस

वांगचुक अनशन समाप्त करें, उनकी चिंताएं हमारी भी चिंताए हैं: कांग्रेस

वांगचुक अनशन समाप्त करें, उनकी चिंताएं हमारी भी चिंताए हैं: कांग्रेस
Modified Date: July 16, 2026 / 07:27 pm IST
Published Date: July 16, 2026 7:27 pm IST

नयी दिल्ली, 16 जुलाई (भाषा) कांग्रेस ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से अपना अनिश्चितकालीन अनशन समाप्त करने की बृहस्पतिवार को अपील की और कहा कि उनकी (वांगचुक की) चिंताएं कांग्रेस तथा अन्य विपक्षी दलों की भी चिंताएं हैं।

मुख्य विपक्षी दल के संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने यह भी कहा कि कांग्रेस केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग जारी रखेगी।

वेणुगोपाल ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘सोनम वांगचुक पिछले 19 दिनों से केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर अनशन पर हैं। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पिछले डेढ़ महीने से यही मांग कर रही है। परीक्षा प्रणाली के तबाह होने सहित मोदी सरकार में जवाबदेही के अभाव को लेकर वांगचुक जी जिस पीड़ा और आक्रोश को महसूस कर रहे हैं, उसमें हम भी सहभागी हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘उनकी स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए हम उनसे अपना अनशन समाप्त करने की अपील करते हैं। उनकी चिंताएं हमारी भी चिंताएं हैं और अन्य विपक्षी दलों की भी है।’’

उनका कहना है कि वांगचुक को यह भरोसा होना चाहिए कि ‘‘हम मोदी सरकार का मजबूती से सामना करते रहेंगे और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग जारी रखेंगे’’।

इससे पहले, कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने संवाददाताओं से कहा कि उनकी पार्टी पिछले दो महीने से धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही है।

उन्होंने कहा लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने 17 जून को कोटा में यह मांग उठाई थी और वह शुक्रवार को देहरादून में छात्रों के साथ बातचीत के दौरान भी इस मुद्दे को उठाएंगे।

उधर, वांगचुक के अनिश्चितकालीन अनशन का बृहस्पतिवार को 19वां दिन था। चिकित्सकों के अनुसार उनका वजन नौ किलोग्राम से अधिक घट चुका है और उनकी सेहत की स्थिति अब गंभीर हो गई है। चिकित्सकों का कहना है कि लंबे समय तक उपवास जारी रहने से उनके अंग प्रभावित होने लगे हैं।

वांगचुक ने बुधवार देर रात जारी एक वीडियो संदेश में अनशन समाप्त करने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से किसी प्रतिक्रिया के बिना अनशन समाप्त करना गलत संदेश देगा।

उन्होंने लोगों से 20 जुलाई को ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) के प्रस्तावित संसद मार्च को सफल बनाने की अपील भी की।

भाषा हक हक सुरेश

सुरेश


लेखक के बारे में