(फाइल फोटो के साथ)
नयी दिल्ली, पांच जून (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि पिछले एक दशक में उनकी सरकार के प्रयासों के परिणामस्वरूप हरित क्षेत्र का विस्तार हुआ है और कई वन्य जीव प्रजातियों की आबादी में वृद्धि हुई है।
प्रधानमंत्री ने सामूहिक प्रयासों, नीतियों, विज्ञान में विश्वास और नवाचार के माध्यम से पर्यावरण में सुधार लाने के उदाहरण प्रस्तुत करने के लिए नागरिकों की सराहना की।
उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘विश्व पर्यावरण दिवस की सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। पर्यावरण संरक्षण के प्रति समर्पित सभी लोगों की मैं सराहना करता हूं।’’
मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि यह दिन हमें ‘‘अपने पर्यावरण की रक्षा करने और सतत विकास को बढ़ावा देने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराने की याद दिलाता है’’।
उन्होंने कहा, ‘‘प्रकृति का संरक्षण केवल एक दायित्व नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और संस्कारों का भी अभिन्न हिस्सा है।’’
उन्होंने बताया कि पिछले दशक में उनकी सरकार ने इस संबंध में कई पहलें की हैं। उन्होंने कहा, ‘‘भारत की कुछ प्रमुख उपलब्धियों में हरित क्षेत्र का विस्तार और कई जानवरों की आबादी में वृद्धि शामिल है।’’
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत के लोग देश की जैविक विविधता पर बहुत गर्व करते हैं और देश के विविध पारिस्थितिक तंत्र अनगिनत प्रजातियों और आजीविका का आधार हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘विशेष संरक्षण के क्षेत्र में हमारे प्रयास भी सराहनीय रहे हैं। ग्रेट इंडियन बस्टर्ड, हिम तेंदुए, स्लॉथ बियर और चीतों के संरक्षण के प्रयासों ने यह दिखाया है कि निरंतर प्रतिबद्धता वन्यजीवों और पारिस्थितिक तंत्रों को बहाल करने में कैसे सहायक हो सकती है।’’
मोदी ने कहा कि सरकार की ‘एक पेड़ मां के नाम’ जैसी पहलों ने प्रति वर्ष लगभग 1.19 लाख हेक्टेयर वन क्षेत्र जोड़ने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
उन्होंने कहा, ‘‘हम ‘एक पृथ्वी, एक परिवार और एक भविष्य’ के सिद्धांत से प्रेरित होकर ‘मिशन लाइफ’ की भावना के माध्यम से एक स्वच्छ, हरित और अधिक टिकाऊ ग्रह की दिशा में काम करना जारी रखेंगे।’’
विश्व पर्यावरण दिवस प्रतिवर्ष पांच जून को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और इसके लिए कार्रवाई को प्रोत्साहित करने के लिए मनाया जाता है।
संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) के तहत 1973 में पर्यावरण दिवस मनाने की घोषणा की गई थी। यह पर्यावरण संबंधी मुद्दों पर जन जागरूकता फैलाने का सबसे बड़ा वैश्विक मंच है जिसे दुनिया भर में लाखों लोग मनाते हैं। 2026 में इस कार्यक्रम की मेजबानी अजरबैजान करेगा।
यह आयोजन वैश्विक स्तर पर पर्यावरण संबंधी कार्यों का समर्थन करने वाले सबसे व्यापक मंचों में से एक बन गया है।
भाषा सुरभि मनीषा
मनीषा